ट्रंप-पुतिन की करीब एक घंटे फोन पर बात, शांति की उम्मीद के बीच कीव पर रूसी हमला
एक तरफ अमेरिका रूस और यूक्रेन के बीच युद्धविराम और बातचीत की राह तलाश रहा है, वहीं दूसरी ओर जमीनी स्तर पर सैन्य कार्रवाई जारी है। ट्रंप-पुतिन वार्ता से बातचीत की संभावनाएं जरूर बढ़ी हैं, लेकिन कीव पर ताजा हमला बताता है कि युद्ध खत्म करने की राह अभी भी बेहद जटिल है।

वाशिंगटन/मॉस्को: रूस-यूक्रेन युद्ध को खत्म कराने की अमेरिकी कोशिशों के बीच राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के बीच फोन पर करीब एक घंटे बातचीत हुई। यह वार्ता अमेरिकी दूत स्टीव विटकाफ और जेरेड कुशनर के मॉस्को और कीव दौरे के बाद हुई है। क्रेमलिन के मुताबिक, बातचीत में दोनों नेताओं ने यूक्रेन युद्ध को जल्द समाप्त करने और अमेरिका-रूस संबंधों को दोबारा सामान्य बनाने की संभावनाओं पर चर्चा की। हालांकि, इसी बीच रूस ने कीव पर मिसाइल और ड्रोन से हमला किया, जिसमें पांच लोगों की मौत की खबर है।
ट्रंप ने जताई युद्ध खत्म करने की इच्छा
क्रेमलिन के अनुसार, ट्रंप ने बातचीत के दौरान यूक्रेन युद्ध को जल्द समाप्त करने की अपनी इच्छा दोहराई। इसके साथ ही उन्होंने अमेरिका और रूस के बीच संबंधों को फिर से बेहतर बनाने की जरूरत पर भी जोर दिया। गौरतलब है कि 2022 में यूक्रेन पर रूस के सैन्य अभियान के बाद अमेरिका ने मॉस्को के साथ कई स्तरों पर संबंध सीमित कर दिए थे। ऐसे में ट्रंप और पुतिन के बीच सीधी बातचीत को दोनों देशों के रिश्तों में संभावित बदलाव के संकेत के तौर पर देखा जा रहा है।
पुतिन ने अमेरिकी प्रयासों पर जताया भरोसा
करीब एक घंटे चली वार्ता में विटकाफ और कुशनर के साथ हुई बातचीत का मुद्दा भी उठा। पुतिन ने ट्रंप से कहा कि उन्हें विश्वास है कि अमेरिका युद्ध को खत्म कराने के लिए ईमानदारी से प्रयास कर रहा है। रूसी राष्ट्रपति ने ट्रंप को युद्ध के विभिन्न मोर्चों की स्थिति की जानकारी भी दी। इसके अलावा उन्होंने आश्वासन दिया कि रूस भविष्य में यूरोप के प्रति किसी आक्रामक नीति को अपनाने का इरादा नहीं रखता।
त्रिपक्षीय बैठक की उम्मीद बढ़ी
अमेरिकी दूतों के मॉस्को और कीव दौरे का तत्काल कोई ठोस परिणाम सामने नहीं आया है। हालांकि, इन संपर्कों के बाद रूस, यूक्रेन और अमेरिका के बीच संभावित त्रिपक्षीय वार्ता को लेकर उम्मीद बढ़ी है। रूस के राष्ट्रपति के विदेश मामलों के सलाहकार यूरी उशाकोव ने भी अमेरिकी प्रतिनिधियों की यात्रा को सकारात्मक बताया। उनका कहना है कि इन मुलाकातों से शांति प्रक्रिया के लिए अनुकूल माहौल बना है, लेकिन आगे भी इस दिशा में लगातार काम करने की जरूरत होगी।
दूतों के लौटते ही कीव पर हमला
शांति प्रयासों के बीच रूस ने कीव पर बड़ा हवाई हमला किया। अमेरिकी दूतों के यूक्रेनी राजधानी से रवाना होने के बाद मंगलवार को मिसाइल और ड्रोन से हमले किए गए। यह हमला रूस की ओर से घोषित तीन दिन की उस अवधि के समाप्त होने के बाद हुआ, जिसमें कीव पर हमला नहीं करने की बात कही गई थी। स्थानीय अधिकारियों के मुताबिक, हमले में पांच लोगों की मौत हुई और कई अन्य घायल हुए। रूसी हमलों से राजधानी की कई इमारतों और सार्वजनिक संस्थानों को नुकसान पहुंचने की सूचना है।
बहुमंजिला इमारतों और स्कूलों को नुकसान
हमलों का असर कीव के कई इलाकों में दिखाई दिया। अधिकारियों के अनुसार, करीब 14 बहुमंजिला इमारतों के अलावा छात्रावास, स्कूल, गोदाम और क्लीनिक भी प्रभावित हुए। कुछ स्थानों पर आग लगने की जानकारी सामने आई, जिसके बाद राहत और बचाव दलों ने प्रभावित क्षेत्रों में काम किया। यह हमला ऐसे समय हुआ जब अमेरिकी प्रतिनिधि शांति प्रयासों के तहत रूस और यूक्रेन का दौरा कर चुके हैं। इसलिए ट्रंप-पुतिन बातचीत के साथ ही कीव पर हुए हमले ने कूटनीतिक प्रयासों के सामने नई चुनौती खड़ी कर दी है।
शांति प्रयासों के सामने बड़ी चुनौती
एक तरफ अमेरिका रूस और यूक्रेन के बीच युद्धविराम और बातचीत की राह तलाश रहा है, वहीं दूसरी ओर जमीनी स्तर पर सैन्य कार्रवाई जारी है। ट्रंप-पुतिन वार्ता से बातचीत की संभावनाएं जरूर बढ़ी हैं, लेकिन कीव पर ताजा हमला बताता है कि युद्ध खत्म करने की राह अभी भी बेहद जटिल है। अब निगाहें इस बात पर हैं कि अमेरिकी दूतों की यात्राओं और ट्रंप-पुतिन बातचीत के बाद क्या रूस, यूक्रेन और अमेरिका के बीच औपचारिक त्रिपक्षीय वार्ता का रास्ता खुलता है या नहीं।


