अमेरिकी पत्रकार को अगवा कर क्या ईरान ने लिया बदला? इराक के जिस संगठन पर शक वो है IRGC का समर्थक
मंगलवार को अज्ञात हमलावरों ने पत्रकार शेली किटल्सन का अपहरण कर लिया। इस घटना के बाद सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर हैं और अपहरणकर्ताओं की तलाश के लिए व्यापक अभियान चलाया जा रहा है।

बगदाद। इराक की राजधानी बगदाद से एक अमेरिकी फ्रीलांस पत्रकार के अपहरण की खबर सामने आई है। इराक के गृह मंत्रालय के अनुसार, मंगलवार को अज्ञात हमलावरों ने पत्रकार शेली किटल्सन का अपहरण कर लिया। इस घटना के बाद सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर हैं और अपहरणकर्ताओं की तलाश के लिए व्यापक अभियान चलाया जा रहा है। अमेरिकी विदेश विभाग ने भी इस घटना की पुष्टि की है। विभाग के सहायक सचिव डिलन जॉनसन ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर कहा, “हम बगदाद में एक अमेरिकी पत्रकार के कथित अपहरण की रिपोर्ट से अवगत हैं और मामले पर करीबी नजर बनाए हुए हैं।”
एक संदिग्ध गिरफ्तार
स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, इराकी सुरक्षा बलों ने घटना के तुरंत बाद कार्रवाई शुरू कर दी। अपहरणकर्ताओं का पीछा करते हुए एक संदिग्ध को गिरफ्तार किया गया है, जिसका संबंध एक मिलिशिया समूह से बताया जा रहा है। अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार, गिरफ्तार व्यक्ति के तार ईरान-समर्थित मिलिशिया संगठन ‘कताइब हिजबुल्लाह’ से जुड़े हो सकते हैं। हालांकि, इराकी अधिकारियों ने आधिकारिक तौर पर किसी समूह का नाम सार्वजनिक नहीं किया है। जांच एजेंसियां इस कड़ी को ध्यान में रखते हुए आगे की पड़ताल कर रही हैं।
क्या यह बदले की कार्रवाई है?
इस अपहरण को हाल ही में हुए एक हमले से जोड़कर भी देखा जा रहा है। 28 मार्च 2026 को इजराइल ने दक्षिणी लेबनान के जेजीन क्षेत्र में एक कार पर हमला किया था, जिसमें तीन मीडियाकर्मियों की मौत हो गई थी। इनमें पत्रकार फातिमा फ़्तूनी, अल-मनार के संवाददाता अली शोएब और कैमरामैन मोहम्मद फ़्तूनी शामिल थे। विश्लेषकों का मानना है कि बगदाद में अमेरिकी पत्रकार का अपहरण इस घटना के जवाब में की गई कार्रवाई हो सकती है। हालांकि, इस संबंध में अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
कौन हैं शेली किटल्सन?
शेली किटल्सन एक अनुभवी अमेरिकी फ्रीलांस पत्रकार हैं, जो लंबे समय से मिडिल ईस्ट और अफगानिस्तान जैसे संवेदनशील क्षेत्रों से रिपोर्टिंग करती रही हैं। उनकी रिपोर्टिंग का फोकस युद्ध, सुरक्षा, संघर्ष और पोस्ट-कॉन्फ्लिक्ट हालात पर रहा है। किटल्सन को उनके पत्रकारिता कार्य के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सराहना और पुरस्कार भी मिल चुके हैं। वे कठिन और जोखिमपूर्ण परिस्थितियों में रिपोर्टिंग के लिए जानी जाती हैं।
कताइब हिजबुल्लाह: कौन है यह संगठन?
कताइब हिजबुल्लाह इराक में सक्रिय एक प्रमुख ईरान-समर्थित मिलिशिया समूह है। यह संगठन ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के ‘एक्सिस ऑफ रेसिस्टेंस’ नेटवर्क का हिस्सा माना जाता है। इस समूह का घोषित उद्देश्य इराक से अमेरिकी सैन्य उपस्थिति को खत्म करना है। वर्षों से यह संगठन अमेरिका-विरोधी गतिविधियों और क्षेत्रीय संघर्षों में अपनी भूमिका के कारण चर्चा में रहा है।
कताइब हिजबुल्लाह का नाम पहले भी विदेशी नागरिकों के अपहरण और हिरासत से जुड़े मामलों में सामने आ चुका है। एक चर्चित मामले में विदेशी नागरिक एलिज़ाबेथ त्सुरकोव को दो साल से अधिक समय तक बंधक बनाकर रखा गया था, जिन्हें बाद में कूटनीतिक प्रयासों से रिहा किया गया।
इराक का जटिल सुरक्षा परिदृश्य
इराक का सुरक्षा ढांचा काफी जटिल है, जहां सरकारी बलों के साथ-साथ कई मिलिशिया समूह भी सक्रिय हैं। इनमें से कुछ समूहों को राजनीतिक समर्थन भी प्राप्त है, जिससे स्थिति और जटिल हो जाती है। ऐसे माहौल में विदेशी नागरिकों, खासकर पत्रकारों के लिए सुरक्षा एक बड़ी चुनौती बनी रहती है। हालिया घटना ने एक बार फिर इस मुद्दे को उजागर कर दिया है। फिलहाल इराकी और अमेरिकी अधिकारी मिलकर इस मामले की जांच कर रहे हैं। अपहरण के पीछे की साजिश, संभावित मकसद और शामिल लोगों की पहचान करने की कोशिश जारी है। अमेरिकी विदेश विभाग ने कहा है कि वह इराकी सरकार के साथ लगातार संपर्क में है और शेली किटल्सन की सुरक्षित रिहाई के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं।


