नीतीश कुमार 14 अप्रैल को देंगे सीएम पद से इस्तीफा, बिहार में नई सरकार कब लेगी आकार? आ गया लेटेस्ट अपडेट
बताया जा रहा है कि 14 अप्रैल को नीतीश कुमार सीएम पद से स्वेच्छा से इस्तीफा दे देंगे। दिल्ली से लौटकर मंत्रिमंडल की बैठक होगी। 13 अप्रैल को कैबिनेट मीटिंग की चर्चा है।

पटना। बिहार सीएम नीतीश कुमार गुरुवार को दिल्ली जा रहे हैं। शुक्रवार को वे राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ लेंगे। इसके साथ चर्चा तेज हो गई है कि वे मुख्यमंत्री के पद से कब इस्तीफा देंगे और राज्य में एनडीए की नई सरकार कब तक आकार लेगी। इसकी संभावित तारीख लगभग फाइनल हो गई है।
नई सरकार का नेतृत्व भारतीय जनता पार्टी(बीजेपी) करेगी, इसकी घोषणा जदयू नेता विजय चौधरी कर चुके हैं। हालांकि, किसी चेहरे पर मुहर नहीं लगी है। कई नाम चर्चा में हैं लेकिन सामाजिक समीकरण का ताना बाना बरकरार रखने के मकसद से सबसे अधिक चर्चा सम्राट चौधरी के नाम की है।
कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में बताया जा रहा है कि नीतीश कुमार 10 अप्रैल को राज्यसभा सांसद विधिवत बन जाने के बाद भी बिहार सीएम की कुर्सी पर बने रहेंगे। 14 अप्रैल को नीतीश कुमार सीएम पद से स्वेच्छा से इस्तीफा दे देंगे। दिल्ली से लौटकर मंत्रिमंडल की बैठक होगी। 13 अप्रैल को कैबिनेट मीटिंग की चर्चा है जिसे नीतीश कैबिनेट की अंतिम बैठक माना जा रहा है। अगले दिन 14 अप्रैल को नीतीश कुमार राज्यपाल को त्यागपत्र सौंप देंगे।
अगले दिन नई सरकार के नए मुखिया शपथ लेंगे। नई सरकार की रूपरेखा अंतिम दौर में है। कहा जा रहा है कि अगली सरकार के गठन में नीतीश कुमार की इच्छा और योजना के अनुसार फैसला लिया जाएगा।
दरसअसल एनडीए ने 25 से 30, फिर से नीतीश के नारे पर बहुमत लिया है। इसका रिफ्लेक्शन तब दिखा जब नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने की खबर सामने आई। होली में इस खबर के सामने लाया गया जब लोग रंग में डूबे थे। लेकिन अगले ही दिन पटना में जेडीयू ऑफिस के बाहर बवाल मच गया। इन वजहों से राज्यसभा के लिए शपथ और सीएम पद से त्याग के बीच गैप रखा गया है। लगातार संदेश दिया जा रहा है दिल्ली में रहकर भी बिहार की सरकार का नीतीश कुमार मार्गदर्शन करेंगे। उनकी नीतियों और योजनाओं के साथ कोई छेड़ छाड़ नहीं किया जाएगा।
बिहार में शासन नीतीश मॉडल पर ही चलाया जाएगा। सरकार गठन में नीतीश कुमार की इच्छा के अनुरूप सामाजिक संतुलन को बरकार रखा जाएगा।बुधवार को संसदीय कार्यमंत्री विजय कुमार चौधरी ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के 9 अप्रैल को दिल्ली जाने की पुष्टि की है। कहा कि यह अलग बात है कि नीतीशजी का दिल्ली जाना पूरे बिहार को अच्छा नहीं लगा, लेकिन यह उनका निर्णय था, इसलिए हम बाध्य हैं।
चौधरी ने यह भी कहा कि भाजपा बड़ी पार्टी है, लिहाजा लीड उन्हें ही लेना है। निर्णय उनका ही होगा। हम एनडीए के साथ हैं। सीएम के इस्तीफे के बाद कैबिनेट स्वत: भंग हो जाएगी। ऐसे में नयी सरकार का गठन किया जाएगा। शुभ मुहूर्त में अच्छा दिन देखकर यह काम होगा।


