खाड़ी देशों में फंसे भारतीयों के लिए राहत, दुबई-अबू धाबी और जेद्दा से उड़ानें फिर शुरू
ईरान पर इजरायल और अमेरिका की कार्रवाई के बाद पश्चिम एशिया में बढ़े तनाव के बीच यूएई से दिल्ली, मुंबई और बेंगलुरू के लिए उड़ानें फिर से शुरू हुईं। एमिरेट्स की पहली फ्लाइट में यात्रियों का भावुक स्वागत हुआ। वहीं, जेद्दा से इंडिगो की विशेष उड़ानें भी भारतीयों को घर लौटने में मदद कर रही हैं।

नई दिल्ली। इजरायल और अमेरिका की ईरान पर संयुक्त कार्रवाई और उसके जवाब में ईरान के हमलों ने पूरे पश्चिम एशिया में तनाव को चरम पर पहुंचा दिया है। मिसाइल और ड्रोन हमलों के चलते उड़ान सेवाएं ठप हो गईं, लाखों यात्री फंसे रहे। इसी बीच अब यूएई में फंसे भारतीयों के लिए बड़ी राहत की खबर सामने आ रही है। जहां सोमवार रात से दुबई और अबू धाबी से भारत के लिए उड़ानें फिर से शुरू हो गई हैं, जिससे घर लौटने की राह आसान हुई है, जिसके बाद दिल्ली, मुंबई और बेंगलूरू के लिए उड़ानें कई दिनों की रुकावट के बाद अब उड़ान भर रही हैं।
मीडिया रिपोर्टस के अनुसार एमिरेट्स एयरलाइन की ड्यूटी पर मौजूद एयर होस्टेस ने दुबई से बंगलूरु जाने वाली फ्लाइट EK568 में सवार यात्रियों का गर्मजोशी से स्वागत किया। उन्होंने घोषणा करते हुए कहा कि बंगलूरू के लिए इस फ्लाइट में आपका स्वागत है। हां, यह पहली उड़ान है। यह पल यात्रियों के लिए भावुक और खुशी भरा था।
जेद्दा से भारत के लिए विशेष उड़ानें
दूसरी ओर सऊदी अरह में भारतीय दूतावास ने जानकारी दी कि इंडिगो एयरलाइन जेद्दा से भारत के लिए विशेष उड़ानें चला रही है। इस कदम से यूएई और सऊदी अरब में फंसे भारतीय यात्रियों को अपने घर लौटने में मदद मिलेगी।
यात्रियों ने दी जानकारी
दुबई-बंगलूरू की फ्लाइट में सवार एक यात्री ने कहा कि यूएई अधिकारियों का धन्यवाद कि उन्होंने उड़ानें शुरू कीं। हमने टिकट जल्दी बुक की और एयरपोर्ट पहुंचे। अब मैं अपने घर वापस जा रहा हूं, इसके लिए बहुत उत्साहित हूं। उन्होंने बताया कि टिकट बुक करने का समय बहुत कम था, लेकिन वे जल्दी तैयार होकर निकल सके।
बता दें कि इससे पहले दुबई एयरपोर्ट्स ने उड़ानों के आंशिक फिर से शुरू होने की आधिकारिक पुष्टि की थी। सीमित उड़ानों के साथ 2 मार्च की शाम से दुबई इंटरनेशनल (DXB) और दुबई वर्ल्ड सेंट्रल- अल मकतूम इंटरनेशनल (डीडब्ल्यूसी) से उड़ानें फिर से शुरू हुईं। हालांकि, अधिकारियों ने सावधानी बरतने की सलाह दी है। यात्रियों से कहा गया है कि वे तभी एयरपोर्ट आएं जब उनकी एयरलाइन ने उन्हें सीधे संपर्क कर निश्चित उड़ान समय बता दिया हो।
यूएई में हालात में पहले से सुधार
यह उड़ानें दोबारा शुरू होने से यूएई में हालात धीरे-धीरे सामान्य होने लगे हैं। और उन हजारों भारतीयों के लिए जो अपने घर लौटने के इंतजार में थे, अब राहत की घड़ी आ गई है। गौरतलब है कि 28 फरवरी को अमेरिका और इस्राइल के ईरान पर हमलों के बाद ईरान ने क्षेत्र के कई अरब देशों पर ड्रोन और मिसाइल से जवाबी हमला किया था। इसी वजह से कई उड़ानें रद्द हो गई थीं और पूरे पश्चिम एशिया में तनाव बढ़ा हुआ है।
इंडिगो जेद्दा से भारत के लिए 10 विशेष राहत उड़ानें करेगा संचालित
नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने कहा है कि फंसे हुए यात्रियों की वापसी के लिए इंडिगो एयरलाइन ने आज जेद्दा से भारत के लिए 10 विशेष राहत उड़ानें संचालित करने की योजना बनाई है। ये उड़ानें आवश्यक स्वीकृतियों और मौजूदा हवाई क्षेत्र की स्थितियों के अधीन संचालित की जाएंगी। मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि इंडिगो यात्रियों की सुविधा के लिए जेद्दा स्थित भारतीय वाणिज्य दूतावास के साथ समन्वय कर रही है। केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री राममोहन नायडू ने इस संबंध में नागरिक उड्डयन सचिव समीर कुमार सिन्हा और सभी वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में एक उच्च स्तरीय बैठक की समीक्षा भी की।
'ईरान ने भारत सरकार के साथ मिलकर की व्यवस्था'
मुंबई में इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान के कॉन्सुलेट जनरल सईद रेजा मोसायेब मोतलाग ने बताया कि ईरान ने भारत सरकार के साथ मिलकर भारतीय छात्रों को ईरान से निकालने के लिए सभी जरूरी इंतजाम कर लिए हैं। उन्होंने बताया कि ईरानी सरकार ने भारतीय छात्रों को युद्ध क्षेत्र से निकालने के लिए इंतजाम किए हैं। छात्रों को बाहर निकलने के लिए कोई विशेष परमिशन नहीं चाहिए और वे हमारे किसी भी जमीनी बॉर्डर पर जाकर ईरान से बाहर निकल सकते हैं।
मोतलाग ने आगे कहा, जंग के हालातों के चलते हमारे सभी एयरपोर्ट कंट्रोल में हैं और सुरक्षा कारणों से बंद हैं। इसलिए हवाई यात्रा करके ईरान छोड़ने की कोई गुंजाइश नहीं है। उन्होंने बताया कि छात्र अफगानिस्तान, तुर्कमेनिस्तान जैसे देशों के जमीनी बॉर्डर से बाहर निकल सकते हैं। छात्रों को चेक पोस्ट से गुजरने की कोई जरूरत नहीं है। उन्हें बस अपना पासपोर्ट हाथ में रखना होगा और वे ईरान छोड़ सकते हैं।
कांग्रेस सांसद ने पीएम मोदी से की अपील
एक दिन पहले लोकसभा सांसद केसी वेणुगोपाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर पोस्ट कर लिखा था कि मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव ने भारतीय नागरिकों में गहरी चिंता और डर पैदा कर दिया है। केरल के कई लोगों समेत बड़ी संख्या में भारतीय इस इलाके में रह रहे हैं और काम कर रहे हैं। उन्होंने पीएम मोदी और विदेश मंत्रालय से विदेश में फंसे भारतीयों की सुरक्षा को लेकर सभी जरूरी डिप्लोमैटिक और लॉजिस्टिकल कदम उठाने की अपील की थी।


