यूपी चुनाव: कांग्रेस ने सपा को भेजी 175 सीटों की सूची, 125 सीटों पर लड़ने की तैयारी, जल्द होगी बातचीत
उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव को लेकर कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के बीच सीट बंटवारे की हलचल तेज है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, कांग्रेस ने सपा को 175 सीटों की सूची भेजी है और करीब 125 सीटों पर चुनाव लड़ने की इच्छा जताई है।

नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच कांग्रेस और समाजवादी पार्टी (सपा) के संभावित गठबंधन को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, कांग्रेस ने सपा को उन विधानसभा सीटों की सूची भेजी है, जहां वह चुनाव लड़ने की तैयारी कर रही है। चर्चा है कि इस सूची में करीब 175 सीटें शामिल हैं, जबकि कांग्रेस गठबंधन में लगभग 125 सीटें अपने हिस्से में चाहती है।
यूपी कांग्रेस के प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम ने भी सपा को सीटों की सूची भेजे जाने की जानकारी दी है। इससे पहले गुरुवार को रामपुर पहुंचे सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भी कहा था कि कांग्रेस की ओर से लंबी सूची आई है। ऐसे में दोनों दलों के बीच सीटों के बंटवारे पर औपचारिक बातचीत शुरू होने की संभावना जताई जा रही है। हालांकि, गठबंधन और सीटों की संख्या को लेकर अभी अंतिम समझौते की घोषणा नहीं हुई है।
प्रियंका गांधी की बैठक में बनी थी रणनीति
बताया जा रहा है कि 19 अक्टूबर को प्रियंका गांधी वाड्रा ने उत्तर प्रदेश कांग्रेस के नेताओं के साथ बैठक की थी। इसमें करीब 175 विधानसभा सीटों पर चुनावी तैयारियों और संभावित दावेदारी पर चर्चा हुई। सूत्रों के मुताबिक, बैठक में कांग्रेस नेताओं से उन क्षेत्रों की पहचान करने को कहा गया, जहां पार्टी की स्थिति मजबूत मानी जाती है।
सूची में सीटों को अलग-अलग श्रेणियों में बांटे जाने की भी चर्चा है। कुछ सीटों पर कांग्रेस समझौता नहीं करना चाहती, जबकि दूसरी श्रेणी की सीटों पर बातचीत के जरिए बदलाव संभव माना जा रहा है। कुछ सीटों पर अंतिम फैसला दोनों दलों के वरिष्ठ नेता कर सकते हैं।
सीट बंटवारे पर जल्द बन सकती है कमेटी
राजनीतिक चर्चाओं के मुताबिक, कांग्रेस और सपा सीटों के बंटवारे को लेकर जल्द ही एक समन्वय समिति बना सकती हैं। यह समिति विधानसभा क्षेत्रवार दावेदारी, संगठन की स्थिति और चुनावी संभावनाओं पर चर्चा कर सकती है। इसके जरिए दोनों दलों के बीच सहमति बनाने की कोशिश होगी।
सूत्रों के हवाले से यह भी कहा जा रहा है कि कांग्रेस अमेठी, रायबरेली और सहारनपुर लोकसभा क्षेत्रों के अंतर्गत आने वाली विधानसभा सीटों पर अपनी मजबूत दावेदारी रखना चाहती है। इसके अलावा पार्टी हर जिले में कम से कम एक सीट पर चुनाव लड़ने की इच्छा रखती है। हालांकि, इन दावों पर दोनों दलों की ओर से अंतिम मुहर लगना बाकी है।
आजम खान से अखिलेश यादव की मुलाकात भी अहम
सीट बंटवारे की चर्चा के बीच अखिलेश यादव ने रामपुर में सपा के वरिष्ठ नेता आजम खान से मुलाकात की थी। अखिलेश के मुताबिक, इस दौरान कई सीटों को लेकर बातचीत हुई और वह अपने साथ एक सूची भी लेकर पहुंचे थे। मुलाकात करीब 45 मिनट तक चली।
राजनीतिक हलकों में इस बैठक को चुनावी रणनीति के लिहाज से अहम माना जा रहा है। हालांकि, कांग्रेस के साथ गठबंधन को लेकर इस मुलाकात में क्या चर्चा हुई, इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। आजम खान सपा के वरिष्ठ नेताओं में शामिल हैं और संगठन तथा चुनावी राजनीति को लेकर उनका अनुभव महत्वपूर्ण माना जाता है।
राहुल और अखिलेश के फैसले पर रहेंगी नजरें
फिलहाल कांग्रेस और समाजवादी पार्टी ने उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के लिए अपनी-अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। कांग्रेस की ओर से राहुल गांधी और प्रियंका गांधी की भूमिका अहम मानी जा रही है, जबकि सपा की ओर से अखिलेश यादव गठबंधन की रणनीति तय करेंगे।
दोनों दलों के बीच सीटों को लेकर सहमति बनती है या नहीं, यह आने वाले दिनों में स्पष्ट होगा। अभी 175 सीटों की सूची और 125 सीटों पर कांग्रेस की दावेदारी को लेकर सामने आई जानकारी को संभावित बातचीत का हिस्सा माना जाना चाहिए, अंतिम सीट बंटवारे का फैसला नहीं।


