योगी कैबिनेट के बड़े फैसले: यूपी में एक गाय पर मिलेगा 50 हजार का अनुदान, 4 लिंक एक्सप्रेसवे के निर्माण समेत 22 प्रस्तावों को मंजूरी
UP Cabinet Meeting: सीएम योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में हुई यूपी कैबिनेट बैठक में 22 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। पशुपालकों को प्रति गाय 50 हजार रुपये का अनुदान, 4 नए लिंक एक्सप्रेसवे, और 48 हजार कर्मचारियों को कैशलेस इलाज की सौगात मिली।

पशुपालन और डेयरी क्षेत्र को बड़ा बढ़ावा: मिलेगा 50 हजार का अनुदान
प्रदेश को दूध उत्पादन में अग्रणी बनाए रखने और किसानों की आय बढ़ाने के लिए 'स्टेट लैब स्टार्ट मिशन' के गठन को मंजूरी दी गई।
- गाय पर अनुदान: योजना के तहत उन्नत नस्ल की एक गाय पर 50 हजार रुपये तक का अनुदान देने का प्रावधान किया गया है।
- पशु बीमा: पशु बीमा की कुल लागत का 85% हिस्सा सरकार वहन करेगी, जबकि 15% हिस्सा किसान देंगे।
- उत्पादन का लक्ष्य: प्रति गाय प्रतिदिन दूध उत्पादन को 10 लीटर तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है।
17,542 करोड़ रुपये से बनेंगे 4 नए लिंक एक्सप्रेसवे
उत्तर प्रदेश के एक्सप्रेसवे नेटवर्क को और मजबूत करने के लिए कैबिनेट ने 4 नए लिंक एक्सप्रेसवे के निर्माण पर सहमति जताई है। इस पूरी परियोजना पर लगभग 17,542 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। इसके अलावा ग्रेटर नोएडा में एफडीआई (FDI) और ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर (GCC) नीति के तहत सैकड़ों करोड़ रुपये के नए निवेश प्रस्तावों को मंजूरी दी गई, जिससे हजारों युवाओं के लिए रोजगार के अवसर पैदा होंगे।
48 हजार शिक्षणेत्तर कर्मचारियों को कैशलेस इलाज की सुविधा
शिक्षा क्षेत्र के लिए बड़ा फैसला लेते हुए कैबिनेट ने अशासकीय सहायता प्राप्त, वित्तविहीन और संस्कृत विद्यालयों के 48,062 शिक्षणेत्तर कर्मचारियों को कैशलेस चिकित्सा सुविधा देने के प्रस्ताव को पास किया।
- सरकार प्रत्येक कर्मचारी के प्रीमियम के लिए 3,000 रुपये प्रतिवर्ष देगी।
- कर्मचारियों व उनके परिवारों को 5 लाख रुपये तक का मुफ्त इलाज मिलेगा।
- इसके अलावा, सैनिक स्कूल मैनपुरी के विस्तार के लिए ग्रामीण क्षेत्र में निःशुल्क जमीन उपलब्ध कराने के प्रस्ताव को भी हरी झंडी दी गई।
कंपनियों के मर्जर पर स्टांप ड्यूटी और इनलैंड वाटर अथॉरिटी
उत्तर प्रदेश में कंपनियों के विलय (मर्जर) और डी-मर्जर की प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए शेयर वैल्यू पर 0.50% और संपत्ति पर 2% स्टांप ड्यूटी का प्रावधान किया गया है। वहीं, राज्य की 11 नदियों में जल परिवहन को सुरक्षित और व्यवस्थित करने के लिए 'इनलैंड वाटर अथॉरिटी' के गठन और नावों व नाविकों के अनिवार्य पंजीकरण व बीमा कवर का फैसला भी लिया गया है।


