राखी सावंत के खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी, 16 साल पुराने केस में युवक की मौत से जुड़ा है मामला
झांसी की अदालत ने 2010 के एक मामले में बॉलीवुड अभिनेत्री राखी सावंत के खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किया है। उन पर टीवी शो में युवक को अपमानित करने के आरोप हैं। अगली सुनवाई 1 दिसंबर को होगी।

नई दिल्ली। बॉलीवुड अभिनेत्री राखी सावंत की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। उत्तर प्रदेश के झांसी में सीएडब्ल्यू (एफटीसी) अदालत ने वर्ष 2010 के एक मामले में शनिवार को उनके खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किया। यह मामला टीवी कार्यक्रम ‘राखी का इंसाफ’ में 24 वर्षीय लक्ष्मण अहिरवार को कथित तौर पर अपमानित करने और बाद में उसकी मौत से जुड़ा है। युवक की मां की शिकायत पर आत्महत्या के लिए उकसाने, षड्यंत्र और गाली-गलौज समेत अन्य आरोपों में मामला दर्ज किया गया था।
क्या है 16 साल पुराना मामला?
झांसी के प्रेमनगर थाना क्षेत्र के टोरिया मोहल्ले में रहने वाले लक्ष्मण अहिरवार सब्जी बेचकर परिवार का गुजारा करते थे। उनकी शादी 19 फरवरी 2010 को राजगढ़ की रहने वाली अनीता से हुई थी। शादी के कुछ महीनों बाद दोनों के बीच विवाद हुआ और अनीता अपने मायके चली गईं।
अनीता ने आरोप लगाया था कि उनके पति के एक रिश्तेदार की नीयत ठीक नहीं थी और लक्ष्मण ने उनकी शिकायत पर ध्यान नहीं दिया। उन्होंने पति पर शराब पीकर मारपीट करने का आरोप भी लगाया था। इसी विवाद को लेकर दोनों को वर्ष 2010 में टीवी कार्यक्रम ‘राखी का इंसाफ’ में बुलाया गया था।
शो में अपमानित करने का आरोप
मामले से जुड़ी जानकारी के मुताबिक, लक्ष्मण अपनी मां सावित्री, मामी पूजा और मामा बलबीर के साथ कार्यक्रम की शूटिंग के लिए मुंबई पहुंचे थे। वहीं, अनीता अपने माता-पिता और एक सामाजिक कार्यकर्ता के साथ कार्यक्रम में शामिल हुई थीं।
आरोप है कि शो की होस्ट राखी सावंत ने शूटिंग के दौरान लक्ष्मण को ‘नपुंसक’ कहकर अपमानित किया। कार्यक्रम का प्रसारण 23 अक्टूबर 2010 को हुआ था।
परिजनों के मुताबिक, प्रसारण के बाद लक्ष्मण तनाव में रहने लगे थे। वह खाना नहीं खाते थे और रात में भी सो नहीं पाते थे। उनकी मां ने दावा किया कि लक्ष्मण कहते थे कि कार्यक्रम में हुए अपमान ने उनकी जिंदगी खत्म कर दी है।
अस्पताल में मौत, मां ने दर्ज कराया केस
लक्ष्मण की हालत बिगड़ने पर उन्हें 9 नवंबर को मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था। अगले दिन, 10 नवंबर 2010 को उनकी मौत हो गई। इसके बाद मां सावित्री की शिकायत पर प्रेमनगर पुलिस ने मामला दर्ज किया। पुलिस ने जांच के बाद राखी सावंत समेत अन्य आरोपियों के खिलाफ अदालत में आरोपपत्र दाखिल किया था।
समन के बाद भी पेश नहीं हुईं राखी
डीजीसी क्राइम मृदुलकांत श्रीवास्तव के अनुसार, मामले में पहले हाईकोर्ट से स्थगन आदेश मिला था। उसके खत्म होने के बाद सीएडब्ल्यू अदालत में सुनवाई आगे बढ़ी। समन जारी होने के बावजूद राखी सावंत के पेश नहीं होने पर अदालत ने गैर-जमानती वारंट जारी किया।
अब पुलिस उन्हें गिरफ्तार कर अदालत में पेश कर सकती है। राखी सावंत स्वयं भी अदालत में उपस्थित हो सकती हैं। मामले की अगली सुनवाई 1 दिसंबर को निर्धारित की गई है। आरोपों पर अंतिम फैसला अदालत की सुनवाई और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर होगा।


