क्यूएस रैंकिंग में आईआईटी दिल्ली देश में नंबर-1; जेएनयू, डीयू और जामिया ने भी सुधारी वैश्विक रैंक
क्यूएस वर्ल्ड यूनिवर्सिटी रैंकिंग 2027 में भारत के 52 संस्थानों को जगह मिली। IIT Delhi देश में शीर्ष पर रहा, जबकि DU, JNU और जामिया मिलिया स्लामिया ने भी अपनी वैश्विक रैंकिंग में सुधार दर्ज किया।

नई दिल्ली। भारतीय उच्च शिक्षा संस्थानों ने एक बार फिर वैश्विक मंच पर अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई है। क्यूएस वर्ल्ड यूनिवर्सिटी रैंकिंग 2027 ( QS World University Rankings 2027 ) में भारत के 52 विश्वविद्यालयों और संस्थानों को स्थान मिला है, जो देश के लिए बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है। इस सूची में IIT दिल्ली ने भारत के शीर्ष संस्थान के रूप में अपनी स्थिति बरकरार रखते हुए दुनिया में 118वीं रैंक हासिल की है। यह किसी भारतीय संस्थान द्वारा प्राप्त सर्वोत्तम रैंकिंग के बराबर है।
क्यूएस द्वारा जारी नई रैंकिंग से स्पष्ट है कि भारतीय विश्वविद्यालय वैश्विक प्रतिस्पर्धा में लगातार आगे बढ़ रहे हैं और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान मजबूत कर रहे हैं।
भारत के 52 संस्थानों को मिली जगह
QS World University Rankings 2027 में भारत के 52 संस्थानों को शामिल किया गया है। पिछले एक दशक में भारतीय उच्च शिक्षा क्षेत्र ने उल्लेखनीय प्रगति की है। वर्ष 2017 में जहां केवल 14 भारतीय संस्थान इस सूची में थे, वहीं अब यह संख्या बढ़कर 52 हो गई है। इस वृद्धि के साथ भारत दुनिया का पांचवां सबसे अधिक प्रतिनिधित्व वाला उच्च शिक्षा तंत्र बन गया है।
विशेषज्ञों का मानना है कि शोध, नवाचार, अंतरराष्ट्रीय सहयोग और शैक्षणिक गुणवत्ता में सुधार के कारण भारतीय संस्थानों की वैश्विक रैंकिंग बेहतर हुई है।
IIT दिल्ली ने फिर लहराया परचम
IIT दिल्ली ने इस वर्ष 118वीं वैश्विक रैंक हासिल कर देश के सर्वश्रेष्ठ संस्थान का दर्जा बनाए रखा है। पिछले वर्ष यह 123वें स्थान पर था। रैंकिंग में यह सुधार भारतीय तकनीकी शिक्षा की बढ़ती गुणवत्ता को दर्शाता है।
IIT दिल्ली का प्रदर्शन खास इसलिए भी माना जा रहा है क्योंकि यह QS रैंकिंग इतिहास में किसी भारतीय संस्थान द्वारा हासिल की गई सर्वोच्च रैंकिंग के बराबर है। संस्थान ने शोध, रोजगार क्षमता और अंतरराष्ट्रीय प्रतिष्ठा जैसे मानकों पर उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है।
दिल्ली विश्वविद्यालय और JNU की रैंकिंग में सुधार
राष्ट्रीय राजधानी के प्रमुख शैक्षणिक संस्थानों ने भी इस बार बेहतर प्रदर्शन किया है। दिल्ली विश्वविद्यालय (DU) ने पिछले वर्ष की 328वीं रैंक से सुधार करते हुए 322वां स्थान हासिल किया है।
वहीं जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) भी अपनी स्थिति मजबूत करने में सफल रहा। JNU पिछले वर्ष 558वें स्थान पर था, जबकि इस बार वह 555वीं रैंक पर पहुंच गया है। भारतीय संस्थानों में JNU को 15वां स्थान मिला है।
जामिया मिलिया इस्लामिया ने लगाई लंबी छलांग
जामिया मिलिया इस्लामिया ने भी QS रैंकिंग 2027 में उल्लेखनीय प्रगति दर्ज की है। पिछले वर्ष 761-770 रैंक बैंड में रहने वाला यह संस्थान अब 686वीं वैश्विक रैंक तक पहुंच गया है। भारतीय संस्थानों में जामिया को 20वां स्थान मिला है।
विशेषज्ञों के अनुसार जामिया की यह उपलब्धि शोध गतिविधियों, अंतरराष्ट्रीय साझेदारी और शैक्षणिक उत्कृष्टता का परिणाम है।
वैश्विक स्तर पर कौन-कौन से संस्थान रहे आगे
क्यूएस वर्ल्ड यूनिवर्सिटी रैंकिंग 2027 में अमेरिका और ब्रिटेन के विश्वविद्यालयों का दबदबा कायम रहा। शीर्ष 10 संस्थानों में एसआईटी, स्टनफोर्ड यूनिवर्सिटी, इम्पेरियल कालेज लंदन, आक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी, हार्वर्ड यूनिवर्सिटी, कैमब्रिज यूनिवर्सिटी, कैलिफोर्निया इस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी ,यूसीएल, ETH Zurich और नेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ सिंगापुर शामिल हैं।
भारत बन रहा ग्लोबल एजुकेशन हब
ताजा QS रैंकिंग यह संकेत देती है कि भारत वैश्विक शिक्षा केंद्र बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। IIT दिल्ली, DU, JNU और जामिया जैसे संस्थानों का बेहतर प्रदर्शन न केवल देश के छात्रों के लिए अवसर बढ़ा रहा है, बल्कि अंतरराष्ट्रीय छात्रों को भी भारतीय विश्वविद्यालयों की ओर आकर्षित कर रहा है। आने वाले वर्षों में भारतीय उच्च शिक्षा क्षेत्र के और मजबूत होने की उम्मीद जताई जा रही है।


