पवन खेड़ा को बड़ी राहत, एक सप्ताह के लिए अग्रिम जमानत; पीछे पड़ी थी असम पुलिस
कांग्रेस नेता पवन खेड़ा को बड़ी राहत मिली है। असम पुलिस उन्हें गिरफ्तार के लिए तलाश रही थी। इस बीच तेलंगाना हाई कोर्ट ने उन्हें एक सप्ताह के लिए अग्रिम जमानत दे दी है।

हैदराबाद। तेलंगाना हाई कोर्ट से कांग्रेस नेता पवन खेड़ा को बड़ी राहत मिली है। उन्हें असम में दर्ज मामले में गिरफ्तारी से एक सप्ताह के लिए राहत मिल गई है। तेलंगाना हाई कोर्ट ने शुक्रवार को उन्हें एक सप्ताह की अग्रिम जमानत दे दी। पवन खेड़ा ने आरोप लगाया था कि हिमंत बिस्वा सरमा की पत्नी रिंकी भुइयां सरमा के पास तीन देशों के पासपोर्ट हैं। इसके अलावा उनकी दुबई में भी संपत्ति है और अमेरिका में शेल कंपनियां भी वह चलाती हैं। इन आरोपों को लेकर हिमंत बिस्वा सरमा ने कड़ी आपत्ति जताई थी।
इस मामले में फ्रॉड और मानहानि के आरोपों के तहत केस दर्ज किया गया था। असम पुलिस ने पवन खेड़ा के दिल्ली स्थित आवास पर इस मामले में रेड भी मारी थी।निजी हमलों को लेकर हिमंत बिस्वा सरमा खुद भड़क गए थे और उन्होंने कहा था कि मैं पवन खेड़ा को पवन पेड़ा बना दूंगा। इसी मामले में गिरफ्तारी से बचने के लिए पवन खेड़ा ने तेलंगाना हाई कोर्ट का रुख किया था। यहां गुरुवार को भी सुनवाई हुई थी और फिर शुक्रवार को उच्च न्यायालय से उन्हें बड़ी राहत मिल गई।
अदालत ने उन्हें एक सप्ताह के लिए राहत दे दी है। अब इस अवधि में असम पुलिस उन्हें गिरफ्तार नहीं कर सकेगी। इस बीच असम के सीएम हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा कि असम पुलिस अपना काम कल रही है। उन्होंने कहा कि हमने पुलिस को पवन खेड़ा के पीछे लगाया है। यह कोई उल्फा नहीं है, जो पवन खेड़ा के पीछे लगा है। यह तो असम पुलिस है। उन्होंने कहा कि असम पुलिस तो नियमों के अनुसार ही कार्रवाई करेगी। हिमंता ने कहा कि पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है और अब उसका कर्तव्य है कि नियमों के तहत एफआईआर में जांच की जाए।


