कौशाम्बी में पटाखा फैक्टरी में भीषण विस्फोट, मनौरी बाजार दहला; 5 लोगों की मौत, दर्जनों घायल
कौशाम्बी के मनौरी बाजार में पटाखा फैक्टरी में भीषण आग और विस्फोट से 15 से अधिक मकान ढह गए। कई लोगों की मौत और दर्जनों के घायल होने की सूचना है।

कौशाम्बी। उत्तर प्रदेश के कौशाम्बी जिले में सोमवार दोपहर पटाखा फैक्टरी में हुए भीषण विस्फोट से मनौरी बाजार और आसपास का इलाका दहल उठा। पिपरी थाना क्षेत्र में दोपहर करीब 12 बजे एक मकान में संचालित पटाखा फैक्टरी में अचानक आग लग गई। इसके बाद फैक्टरी में रखे पटाखों में एक के बाद एक जोरदार धमाके होने लगे। धमाकों की आवाज कई किलोमीटर दूर तक सुनाई दी और कुछ ही देर में पूरे इलाके में धुएं का गुबार छा गया।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार हादसे में कम से कम पांच लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि कई अन्य गंभीर रूप से घायल हैं। अधिकारियों ने मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका जताई है। घायलों में कई की हालत बेहद नाजुक बताई जा रही है और उनका इलाज प्रयागराज के एसआरएन अस्पताल में चल रहा है।
15 से ज्यादा मकान ढहे, मलबे में लोगों के दबे होने की आशंका
विस्फोट इतना शक्तिशाली था कि फैक्टरी के आसपास बने 15 से अधिक मकान धराशायी हो गए। कई घरों के शीशे टूट गए और ईंट तथा मलबा काफी दूर तक जा पहुंचा। स्थानीय लोगों के मुताबिक धमाके की तीव्रता से आसपास के क्षेत्र में भारी नुकसान हुआ है।
हादसे के बाद स्थानीय लोगों में अफरा-तफरी मच गई। लगातार हो रहे धमाकों के कारण शुरुआती दौर में राहतकर्मियों और ग्रामीणों के लिए घटनास्थल तक पहुंचना मुश्किल रहा। मलबे में कई लोगों के दबे होने की आशंका के चलते जेसीबी और अन्य मशीनों की मदद से युद्धस्तर पर बचाव अभियान चलाया जा रहा है।
घायलों को प्रयागराज भेजा गया, कई वेंटिलेटर पर
गंभीर रूप से झुलसे और घायल लोगों को एंबुलेंस तथा अन्य वाहनों से प्रयागराज के एसआरएन अस्पताल पहुंचाया गया। अस्पताल में कई घायलों की हालत गंभीर बताई गई है। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक कुछ मरीजों को वेंटिलेटर पर रखा गया है, जबकि अन्य का इलाज डॉक्टरों की निगरानी में चल रहा है।
घायलों के परिजनों ने घटनास्थल से अस्पताल पहुंचाने में एंबुलेंस की देरी का आरोप भी लगाया है। कुछ घायलों को निजी वाहनों और स्थानीय साधनों से अस्पताल ले जाना पड़ा।
सेना और एयरफोर्स की टीमें भी रेस्क्यू में उतरीं
घटना की गंभीरता को देखते हुए कौशाम्बी और प्रयागराज के वरिष्ठ पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। एडीजी, आईजी, डीआईजी समेत कई अधिकारी राहत-बचाव कार्य की निगरानी कर रहे हैं। पुलिस बल के साथ सेना और एयरफोर्स के जवानों को भी रेस्क्यू ऑपरेशन में लगाया गया है।
मलबा हटाकर फंसे लोगों को बाहर निकालने का प्रयास लगातार जारी है। प्रशासन ने आसपास के इलाके में सुरक्षा बढ़ा दी है और लोगों से घटनास्थल से दूर रहने की अपील की है।
आग लगने की वजह अभी साफ नहीं
पटाखा फैक्टरी में आग किस वजह से लगी, इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है। प्रशासनिक अधिकारी हादसे के कारणों की जांच कर रहे हैं। फिलहाल प्राथमिकता मलबे में फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकालना और घायलों को बेहतर चिकित्सा उपलब्ध कराना है। राहत अभियान पूरा होने के बाद हादसे की विस्तृत जांच किए जाने की संभावना है।


