BRICS की फैमिली फोटो में मोदी के दोनों ओर पुतिन-जिनपिंग, एक तस्वीर में दिखी भारत-रूस-चीन की ताकत
ब्रिक्स सम्मेलन की फैमिली फोटो में पीएम मोदी के दोनों ओर पुतिन और शी जिनपिंग नजर आए। भारत-रूस-चीन की इस तस्वीर ने वैश्विक मंच पर खूब चर्चा बटोरी।

मेजबान देश के प्रधानमंत्री के तौर पर मोदी का केंद्र में होना स्वाभाविक है, लेकिन भारत, रूस और चीन के शीर्ष नेताओं का एक ही फ्रेम में इस तरह दिखाई देना कूटनीतिक नजरिए से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। यह तस्वीर ऐसे समय सामने आई है जब वैश्विक राजनीति में शक्ति संतुलन तेजी से बदल रहा है।
मोदी ने चार स्तंभों का किया जिक्र
फैमिली फोटोशूट के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने ब्रिक्स की अध्यक्षता के दौरान भारत की प्राथमिकताओं का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि भारत ने अपने प्रयासों को ‘सतर्कता, नवाचार, सहयोग और स्थिरता’ जैसे चार स्तंभों पर केंद्रित किया है।
पीएम मोदी ने कहा कि सदस्य देशों के सहयोग और समर्थन से साझा विजन को अलग-अलग क्षेत्रों में व्यावहारिक सहयोग में बदलने में मदद मिली है। उन्होंने दुनिया में बढ़ते तनाव और आम लोगों के जीवन पर पड़ने वाले उसके व्यापक प्रभाव को लेकर भी चिंता जताई।
महामारी और आपदाओं से निपटने पर जोर
प्रधानमंत्री ने कहा कि महामारी, जलवायु आपदा और सप्लाई चेन में रुकावटों ने दिखाया है कि आज की परस्पर जुड़ी दुनिया में कोई संकट सिर्फ एक क्षेत्र तक सीमित नहीं रहता। इसलिए ब्रिक्स में वैश्विक स्तर पर रेजिलिएंस बढ़ाने पर विशेष ध्यान दिया गया है।
उन्होंने चुनौतियों की पहचान, उनसे पहले तैयारी और जरूरत पड़ने पर तत्काल कार्रवाई को जरूरी बताया। इसी दिशा में संक्रामक बीमारियों की रोकथाम और प्रतिक्रिया के लिए ब्रिक्स इंटीग्रेटेड अर्ली वार्निंग सिस्टम पर सहमति और आपदा प्रबंधन के लिए अर्ली वार्निंग डाटा इंटीग्रेशन गाइडलाइन का उल्लेख किया।
पहले भी साथ दिखे थे मोदी-पुतिन-जिनपिंग
ब्रिक्स सम्मेलन के पहले दिन भी पीएम मोदी, पुतिन और जिनपिंग की एक तस्वीर चर्चा में रही थी। इसमें तीनों नेता मुस्कुराते हुए एक साथ नजर आए थे। भारत और चीन के बीच लंबे समय से चले आ रहे मतभेदों के बावजूद दोनों नेताओं की एक साथ मौजूदगी को खास तौर पर देखा गया।
इसके अलावा ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन के साथ पीएम मोदी की तस्वीर भी चर्चा में रही। इसमें मोदी ईरानी राष्ट्रपति का हाथ थामे उन्हें आगे ले जाते नजर आए। BRICS सम्मेलन में ईरान की मौजूदगी और भारत की ओर से मिले गर्मजोशी भरे स्वागत ने भी कूटनीतिक हलकों का ध्यान आकर्षित किया।
कुल मिलाकर BRICS की तस्वीरों में नेताओं की बॉन्डिंग और भारत की मेजबानी ने सम्मेलन के कूटनीतिक संदेश को और मजबूत किया है।


