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रिन्यूएबल एनर्जी के क्षेत्र में भारत ग्लोबल हब बन रहा है : प्रह्लाद जोशी

केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी ने भारत रिन्यूएबल एनर्जी (बीआरई) समिट एंड एक्सपो 2026 के दौरान देश में स्वच्छ और नवीकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में हो रही प्रगति को महत्वपूर्ण बताया

रिन्यूएबल एनर्जी के क्षेत्र में भारत ग्लोबल हब बन रहा है : प्रह्लाद जोशी
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नई दिल्ली। केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी ने भारत रिन्यूएबल एनर्जी (बीआरई) समिट एंड एक्सपो 2026 के दौरान देश में स्वच्छ और नवीकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में हो रही प्रगति को महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि भारत में रिन्यूएबल एनर्जी और ग्रीन एनर्जी का विस्तार तेजी से हो रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नीतियों, प्रोत्साहन और नेतृत्व के कारण इस क्षेत्र में लोगों की दिलचस्पी बढ़ी है। कारोबार और मैन्युफैक्चरिंग गतिविधियों का भी विकास हो रहा है। जोशी ने विश्वास जताया कि भारत आने वाले समय में रिन्यूएबल एनर्जी के क्षेत्र में वैश्विक केंद्र के रूप में उभरेगा।

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि नवीकरणीय ऊर्जा के विस्तार के पीछे कई महत्वपूर्ण कारण हैं। सबसे पहले यह स्वच्छ ऊर्जा का स्रोत है। दूसरा, यह अपेक्षाकृत सस्ती भी है। इसके अलावा प्रधानमंत्री की ओर से इस क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए बनाई गई नीतियों और दिए गए प्रोत्साहन ने लोगों को इससे जुड़ने के लिए प्रेरित किया है। उन्होंने कहा कि जब लोगों की रुचि बढ़ती है तो इस क्षेत्र में कारोबार और मैन्युफैक्चरिंग का भी विस्तार होता है। जोशी ने समिट और एक्सपो में लोगों की भागीदारी का उदाहरण देते हुए कहा कि पहले रिन्यूएबल एनर्जी या सोलर एनर्जी से जुड़ी इतनी बड़ी प्रदर्शनी की कल्पना करना भी मुश्किल था। उन्होंने बताया कि आयोजन के लिए तीन-तीन और चार-चार बड़े हॉल इस्तेमाल किए जा रहे हैं, लेकिन इसके बावजूद प्रदर्शकों और प्रतिभागियों की मांग इतनी अधिक है कि सभी को जगह उपलब्ध कराना मुश्किल हो रहा है।

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि एक्सपो में जगह की मांग और लोगों का उत्साह इस बात का संकेत है कि देश में नवीकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र को लेकर रुचि लगातार बढ़ रही है। उन्होंने इसे भारत में इस सेक्टर के विकास और कारोबार के विस्तार का प्रमाण बताया। भारत नवीकरणीय ऊर्जा की स्थापित क्षमता के मामले में 310 गीगावाट का आंकड़ा पार कर चुका है। अब देश को अतिरिक्त 190 गीगावाट क्षमता हासिल करनी है और उन्हें पूरा विश्वास है कि भारत इस लक्ष्य को भी प्राप्त कर लेगा।

उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी की ओर से दिए गए नए लक्ष्यों और मार्गदर्शन का भी उल्लेख किया। जोशी ने कहा कि जब देश पहले निर्धारित लक्ष्य को हासिल करने के करीब पहुंचा तो प्रधानमंत्री ने इससे भी आगे बढ़कर काम करने का लक्ष्य दिया। प्रधानमंत्री मोदी की सोच और कल्पनाशक्ति के साथ-साथ उनके नेतृत्व और आर्थिक सहयोग से देश में बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है।

केंद्रीय मंत्री ने आगे कहा कि स्वच्छ ऊर्जा की बढ़ती मांग, नीतिगत समर्थन, कारोबार के विस्तार और विनिर्माण गतिविधियों के कारण भारत इस क्षेत्र में मजबूत स्थिति बना रहा है। उन्होंने भरोसा जताया कि आने वाले समय में देश रिन्यूएबल एनर्जी का वैश्विक केंद्र बनेगा।


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