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पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों पर इमरान मसूद का केंद्र सरकार पर हमला, कहा-आगे और खराब हो सकती है स्थिति

कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने महंगाई और पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों को लेकर शनिवार को केंद्र सरकार पर हमला बोला

पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों पर इमरान मसूद का केंद्र सरकार पर हमला, कहा-आगे और खराब हो सकती है स्थिति
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नई दिल्ली। कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने महंगाई और पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों को लेकर शनिवार को केंद्र सरकार पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि देश धीरे-धीरे आर्थिक दबाव में जा रहा है और आने वाले समय में हालात और खराब हो सकते हैं। सरकार को समय रहते इस पर गंभीरता से ध्यान देना चाहिए, लेकिन अभी तक कोई बड़ी बैठक या ठोस कदम सामने नहीं आए हैं। आने वाले महीनों में आर्थिक स्थिति और चुनौतीपूर्ण हो सकती है और इसका बोझ लोगों को उठाना पड़ेगा।

इमरान मसूद ने कहा, "झटके धीरे-धीरे लगेंगे। यह तूफान तूफान आ रहा है। पीएम मोदी इसे रोक नहीं पाएंगे। इन्होंने देश को आर्थिक मंदी में धकेल दिया और देश के अंदर अभी आने वाले एक-दो महीने में बहुत स्थिति खराब होनी है। इस स्थिति में भी अगर ये नहीं सोचेंगे, नहीं विचार करेंगे, तो यह देश के लोगों को भारी भुगतान करना पड़ेगा।"

इस दौरान समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव द्वारा कार्यकर्ताओं को 400 सीटों पर तैयारी रखने वाले बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए इमरान मसूद ने कहा कि सिर्फ सीटों की संख्या नहीं, बल्कि जीत सबसे महत्वपूर्ण है।

उन्होंने कहा कि गठबंधन में हर पार्टी अपनी रणनीति तय करती है और उसी के आधार पर चुनावी तैयारी होती है। उन्होंने कहा कि कोई भी दल यह पहले से तय नहीं कर सकता कि कौन कितनी सीटें जीतेगा या हारेगा, क्योंकि यह जनता के मूड पर निर्भर करता है। उन्होंने कहा कि असली लक्ष्य जीत हासिल करना है और उसी के आधार पर सीटें तय की जाएंगी।

इमरान मसूद ने यह भी कहा कि देश में मौजूदा राजनीतिक माहौल को देखते हुए गठबंधन में राहुल गांधी का महत्वपूर्ण रोल है। उनके अनुसार, जनता राहुल गांधी को गरीबों की आवाज के रूप में देखता है और उन पर भरोसा करता है।

इसी बीच यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर दिए गए बयान और उसके बाद दर्ज हुई एफआईआर पर भी सवाल पूछा गया। इस पर इमरान मसूद ने दोहराया कि उन्होंने बयान विस्तार से नहीं सुना, लेकिन एफआईआर दर्ज होना एक सामान्य प्रशासनिक प्रक्रिया हो गई है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि एफआईआर तो इनका रोज का काम बन गया है। इनके लोग भी तो रोज गाली देते हैं, लेकिन हम एफआईआर नहीं कराते फिरते।

वहीं दूसरी तरफ समाजवादी पार्टी सांसद राजीव राय ने भी इस मुद्दे पर अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा, "हम प्रधानमंत्री से असहमत हो सकते हैं। हम उनके विचारों से असहमत हो सकते हैं, लेकिन मैं ऐसी बातों का समर्थन नहीं करता। ऐसी बातें राज्य की भाषा और नैतिक मानकों को गिराती हैं।


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