नीति आयोग की गवर्निंग काउंसिल बैठक में धर्मेंद्र प्रधान ने ह्यूमन कैपिटल को मजबूत करने पर दिया जोर
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने नीति आयोग की गवर्निंग काउंसिल की 11वीं बैठक के दौरान ह्यूमन कैपिटल (मानव पूंजी) को मजबूत करने पर हुई चर्चाओं का जिक्र किया।

नई दिल्ली। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने गुरुवार को नीति आयोग की गवर्निंग काउंसिल की 11वीं बैठक के दौरान ह्यूमन कैपिटल (मानव पूंजी) को मजबूत करने पर हुई चर्चाओं का जिक्र किया।
धर्मेंद्र प्रधान ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर पोस्ट कर कहा, "प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में नीति आयोग की गवर्निंग काउंसिल की 11वीं बैठक में शामिल हुआ। ह्यूमन कैपिटल को मजबूत करने और भारत की विकास यात्रा को तेज करने पर सार्थक चर्चा हुई, जिससे विकसित भारत 2047 के विजन को हासिल करने के हमारे साझा संकल्प को बल मिला।"
मोदी सरकार के 12 साल पूर्ण होने पर एक अन्य 'एक्स' पोस्ट में धर्मेंद्र प्रधान ने पिछले दशक में किसानों के कल्याण के लिए एनडीए द्वारा उठाए गए कदमों की तारीफ की।
धर्मेंद्र प्रधान ने कहा, "हमारे अन्नदाता, किसान भाई-बहनों की कड़ी मेहनत और समर्पण से ही देश की समृद्धि का रास्ता बनता है। पीएम मोदी के नेतृत्व में पिछले 12 वर्षों में किसानों के कल्याण को नई गति मिली है।"
केंद्रीय शिक्षा मंत्री ने कहा, "पीएम-किसान सम्मान निधि, फसल बीमा, किसान क्रेडिट कार्ड और आधुनिक कृषि सुविधाओं जैसी पहलों ने किसानों को आत्मनिर्भर और मजबूत बनने में सक्षम बनाया है। किसानों का सम्मान करना, उनकी समृद्धि सुनिश्चित करना और बेहतर भविष्य सुरक्षित करना प्रधानमंत्री मोदी के मार्गदर्शन में चल रही सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।"
इससे पहले सप्ताह में शिक्षा मंत्रालय ने तीन विश्व-प्रसिद्ध विदेशी उच्च शिक्षा संस्थानों को मंजूरी पत्र जारी किए। धर्मेंद्र प्रधान ने इस घटनाक्रम को नेप 2020 के अंतरराष्ट्रीयकरण के विजन को आगे बढ़ाने की दिशा में एक कदम बताया।
उन्होंने कहा कि भारत में यूनिवर्सिटी ऑफ ब्रिस्टल, यूनिवर्सिटी ऑफ यॉर्क और यूनिवर्सिटी ऑफ न्यू साउथ वेल्स द्वारा कैंपस स्थापित करने से गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, वैश्विक शिक्षण साझेदारी और अनुसंधान सहयोग को और मजबूती मिलेगी।
उन्होंने कहा कि ब्रिस्टल और यॉर्क द्वारा मुंबई में और यूएनएसडब्ल्यू द्वारा बेंगलुरु में कैंपस स्थापित करने से ये विश्वविद्यालय भारत के दो सबसे गतिशील ज्ञान, प्रौद्योगिकी और नवाचार केंद्रों (हॉटस्पॉट्स) के साथ जुड़ रहे हैं।


