एसआइआर के खिलाफ जंतर मंतर पर आप के प्रदर्शन को लेकर 12 मेट्रो स्टेशनों पर एंट्री-एग्जिट बंद
जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे AAP और यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं को भी पुलिस ने हिरासत में लिया। पुलिस ने पूरे इलाके को बैरिकेड से घेर रखा है और प्रदर्शनकारियों की आवाजाही नियंत्रित की जा रही है।

नई दिल्ली: दिल्ली में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के खिलाफ शुक्रवार को आम आदमी पार्टी (AAP), वामपंथी दलों और छात्र संगठनों ने विरोध-प्रदर्शन किया। जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने AAP के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज समेत करीब 500 प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया। प्रदर्शन को देखते हुए जंतर-मंतर और आसपास के इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी की गई है। पुलिस और रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) के जवानों की तैनाती के साथ इलाके की ड्रोन से निगरानी भी की जा रही है। प्रदर्शन के मद्देनजर दिल्ली मेट्रो ने एहतियाती कदम उठाते हुए 12 स्टेशनों के प्रवेश और निकास द्वार अगले आदेश तक बंद कर दिए। हालांकि, कुछ स्टेशनों पर यात्रियों के लिए इंटरचेंज की सुविधा जारी रखी गई है।
जंतर-मंतर पहुंचे सौरभ भारद्वाज
AAP दिल्ली अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज शुक्रवार को चुनाव आयोग के खिलाफ प्रस्तावित प्रदर्शन में शामिल होने जंतर-मंतर पहुंचे। उन्होंने कहा कि वह बिना कार का इस्तेमाल किए प्रदर्शन स्थल तक पहुंचे हैं। भारद्वाज ने प्रदर्शन को लेकर कहा कि शांतिपूर्ण तरीके से विरोध करना लोगों का अधिकार है। उन्होंने दावा किया कि AAP ने करीब छह दिन पहले जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन के लिए आधिकारिक अनुमति मांगी थी। हालांकि, पुलिस की ओर से बताया गया कि प्रदर्शन की अनुमति नहीं दी गई है। इसके बाद भी पार्टी कार्यकर्ता प्रदर्शन के लिए जंतर-मंतर पहुंचे।
'इस्तीफा दो' के नारों से गूंजा कनॉट प्लेस
प्रदर्शन के कारण मध्य दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था और आवाजाही प्रभावित हुई। जंतर-मंतर की ओर जाने वाले रास्तों पर पुलिस ने बैरिकेडिंग बढ़ा दी और कई स्थानों पर नाकाबंदी की गई। संसद मार्ग पर भी सुरक्षा बढ़ाए जाने के बाद सड़क पर सामान्य दिनों की तुलना में कम आवाजाही दिखाई दी। वहीं, कनॉट प्लेस के अलग-अलग हिस्सों में प्रदर्शनकारी जुटे और मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ नारे लगाए। प्रदर्शनकारियों की ओर से 'इस्तीफा दो' जैसे नारे लगाए गए।
AAP और यूथ कांग्रेस कार्यकर्ता हिरासत में
जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे AAP और यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं को भी पुलिस ने हिरासत में लिया। पुलिस ने पूरे इलाके को बैरिकेड से घेर रखा है और प्रदर्शनकारियों की आवाजाही नियंत्रित की जा रही है। एक प्रदर्शनकारी ने कहा कि वे आम नागरिक की आवाज उठाने के लिए यहां पहुंचे हैं। उसने मतदाता सूची से नाम हटाए जाने को लेकर सवाल उठाते हुए कहा कि जनता अपने वोट के जरिए सरकार चुनती है, इसलिए मतदाताओं के अधिकारों की रक्षा जरूरी है।
मनोज झा बोले- 'प्रदर्शन के लिए अनुमति की जरूरत क्यों?'
RJD सांसद मनोज झा भी जंतर-मंतर पहुंचे। उन्होंने प्रदर्शन के लिए अनुमति की आवश्यकता पर सवाल उठाया और कहा कि यह महात्मा गांधी की जयंती का दिन है। मनोज झा ने केंद्र सरकार और निर्वाचन आयोग पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस के इस्तेमाल के बावजूद चुनाव से जुड़े मुद्दों पर उठ रहे सवालों को दबाया नहीं जा सकता। उनके बयान में मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार, प्रधानमंत्री और केंद्रीय गृह मंत्री का भी जिक्र किया गया।
ड्रोन से हो रही निगरानी
प्रदर्शन को देखते हुए दिल्ली पुलिस ने जंतर-मंतर और आसपास के इलाकों में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं। पुलिस के अनुसार, पूरे क्षेत्र को करीब 8-9 जोन में बांटा गया है। प्रत्येक जोन में सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी के लिए एक वरिष्ठ IPS अधिकारी को तैनात किया गया है। जंतर-मंतर के आसपास पुलिस और RAF के जवानों की तैनाती के अलावा ड्रोन के जरिए भी इलाके पर नजर रखी जा रही है। प्रमुख प्रवेश मार्गों पर बैरिकेडिंग और जांच की जा रही है।
12 मेट्रो स्टेशनों पर एंट्री-एग्जिट बंद
सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर दिल्ली मेट्रो के 12 स्टेशनों पर प्रवेश और निकास बंद किया गया है। इनमें जनपथ, पटेल चौक, केंद्रीय सचिवालय, राजीव चौक, सेवा तीर्थ, मंडी हाउस और लोक कल्याण मार्ग समेत कई प्रमुख स्टेशन शामिल हैं। मेट्रो स्टेशनों पर एंट्री-एग्जिट बंद होने से मध्य दिल्ली आने-जाने वाले यात्रियों को वैकल्पिक मार्गों का इस्तेमाल करना पड़ सकता है। DMRC की ओर से स्थिति में बदलाव होने पर आगे की सूचना जारी की जाएगी।
मुंबई में भी प्रदर्शन की तैयारी
दिल्ली के साथ मुंबई में भी मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रदर्शन प्रस्तावित है। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) की ओर से शुक्रवार शाम 4 बजे मुंबई के शिवाजी पार्क में प्रदर्शन का ऐलान किया गया है। पार्टी ने SIR और मतदाता सूची से जुड़े मुद्दों को लेकर देशव्यापी विरोध का आह्वान किया है। मुंबई में प्रस्तावित प्रदर्शन को लेकर पुलिस और आयोजकों के बीच अनुमति का मुद्दा भी सामने आया है। ऐसे में दिल्ली के बाद मुंबई में होने वाले कार्यक्रम पर भी नजर बनी हुई है।


