दिल्ली सरकार पर प्रदूषण का डाटा छुपाने का आरोप, आप विधायक संजीव झा का हमला
दिल्ली विधानसभा का शीतकालीन सत्र सोमवार से शुरू हो रहा है। आम आदमी पार्टी प्रदूषण के मुद्दे पर सरकार को घेरने के लिए तैयारी कर रही है

विधानसभा सत्र में उठेगा प्रदूषण और गलत आंकड़ों का मुद्दा
- संजीव झा बोले- डाटा चोरी कर जनता को गुमराह किया गया
- सीएजी रिपोर्ट को झूठ का पुलिंदा बताया, कई मुद्दों पर सरकार को घेरने की तैयारी
- स्पीकर विजेंद्र गुप्ता ने शीतकालीन सत्र की तैयारियों की समीक्षा, पारदर्शिता पर जोर
नई दिल्ली। दिल्ली विधानसभा का शीतकालीन सत्र सोमवार से शुरू हो रहा है। आम आदमी पार्टी प्रदूषण के मुद्दे पर सरकार को घेरने के लिए तैयारी कर रही है।
बुराड़ी विधानसभा से आप विधायक संजीव झा ने कहा है कि दिल्ली में तीन महीने से लोग परेशान हैं। कई लोगों ने प्रदूषण की वजह से दिल्ली छोड़ दी। जिनके घर में बच्चे और बुजुर्ग हैं, उन्हें अस्पतालों के चक्कर लगाने पड़े। कई मरीज वेंटिलेटर पर चले गए और कुछ की जान चली गई।
उन्होंने कहा कि प्रदूषण को खत्म करने और कंट्रोल करने के लिए सरकार की तरफ से प्रयास नहीं दिखा। उन्होंने सरकार पर डाटा के छेड़छाड़ की कोशिश करने और प्रदूषण के वक्त आंकड़े जारी न करने का आरोप लगाया। जब प्रदूषण था, तब सरकार ने आंकड़े जारी नहीं किए। जहां-जहां एक्यूआई जांच करने की मशीन है, वहां गलत डाटा पेश करने की कोशिश हुई। डाटा चोरी कर सरकार ने लोगों को गुमराह किया। विधानसभा में हम इस मुद्दे को उठाने वाले हैं।
सीएजी के रिपोर्ट को उन्होंने झूठ का पुलिंदा बताया और कहा कि इसके जरिए वे अपनी नाकामियों को छिपाना चाहते हैं। इससे दस महीने में सम्मान राशि, झुग्गी तोड़ने का विषय, घर वालों को बेघर करने, वाटर लॉगिंग, यमुना प्रदूषण समेत तमाम मुद्दे ऐसे हैं, जिन्हें हम सदन में उठाएंगे।
वहीं दिल्ली विधानसभा के शीतकालीन सत्र की शुरुआत से एक दिन पहले स्पीकर विजेंद्र गुप्ता ने रविवार को तैयारियों की समीक्षा की। स्पीकर विजेंद्र गुप्ता ने कहा कि दिल्ली विधानसभा का शीतकालीन सत्र सुसंगठित विचार-विमर्श, पारदर्शिता और जिम्मेदार विधायी व्यवहार के सिद्धांतों को दर्शाएगा। उन्होंने यह बात दिल्ली विधानसभा सचिवालय और लोक निर्माण विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ निरीक्षण के दौरान कही।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि आठवीं विधानसभा के चौथे (शीतकालीन) सत्र के दौरान विधानसभा का सुचारू संचालन सुनिश्चित किया जाए, जो सोमवार से शुरू होने वाला है।


