कंगना रनौत VS बीएमसी, कंगना को BMC का नोटिस
बॉलीवुड एक्ट्रेस कंगना रनौत की मुसीबतें लगातार बढ़ती जा रही हैं...पहले शिवसेना नेता संजय राउत और कंगना के बीच जुबानी जंग तेज थी अब इसमें मुंबई नगरपालिका भी कूद पड़ा है

बॉलीवुड एक्ट्रेस कंगना रनौत की मुसीबतें लगातार बढ़ती जा रही हैं...पहले शिवसेना नेता संजय राउत और कंगना के बीच जुबानी जंग तेज थी अब इसमें मुंबई नगरपालिका भी कूद पड़ा है...आज बीएमसी ने कंगना रनौत को नोटिस थमा दिया है...तो क्या आदेश दिया है बीएमसी ने कंगना को.शिवसेना नेताओं और बॉलीवुड अभिनेत्री कंगना रनौत के बीच विवाद गहराता जा रहा है। पहले शिवसेना नेता संजय राउत और कंगना के बीच जुबानी जंग जारी थी अब मुंबई नगर पालिका यानी बीएमसी ने भी कंगना रनौत पर शिकंजा कसा है। बीएमसी ने कंगना के ऑफिस पर नोटिस चिपकाया है। पहले एक्ट्रेस के मुंबई स्थित ऑफिस पर बीएमसी की टीम ने छापा मारा फिर नोटिस भी दे दिया गया है। बीएमसी का कहना है कि कंगना रनौत का ऑफिस अवैध तरीके से बनाया गया है और कंगना के ऑफिस में अलग तरह से पार्टिशन किया गया है। बालकनी एरिया को कमरे की तरह इस्तेमाल किया गया है। बीएमसी का मानना है कि ऑफिस निर्माण के नियमों का उल्लंघन किया गया है। बीएमसी द्वारा जारी किये गए नोटिस में कहा गया है कि ग्राउंड फ्लोर पर टॉयलेट को अवैध रूप से ऑफिस कैबिन में तब्दील कर दिया गया। ग्राउंड फ्लोर पर ही अवैध रूप से किचन को स्टोर रूम में तब्दील कर दिया गया और ग्राउंड फ्लोर पर ही अवैध रूप से पैंट्री का निर्माण किया गया है। इसके अलावा फर्स्ट फ्लोर पर भी रूम को अवैध तरीके से बांटा गया है, पूजा घर में भी अवैध रूप से पॉर्टिशन किया गया है। सेकंड फ्लोर पर बंगला नंबर 4 और बंगला नंबर पांच को अवैध रूप से दीवार हटा कर जोड़ दिया गया है। मेन इंटरेंस गेट की पोजिशन भी बदली हुई पाई गई है। इसलिए बीएमसी की तरफ से कंगना को स्टॉप वर्क आर्डर नोटिस दिया गया है। जिसके बाद अब कंगना मुंबई मुनिस्पल कॉर्पोरेशन एक्ट के सेक्शन 354-A के तहत अपने घर से ऑफिस का कोई काम नहीं कर सकती हैं। साथ ही चेतावनी ये दी गई है कि अगले 24 घंटे के अंदर कंगना को अपने ऑफिस के कन्सट्रक्शन और रेनोवेशन से संबंधित सारे डॉक्यूमेंट्स बीएमसी को जमा करने हैं। ऐसा करने में अगर कंगना असफल रहती हैं तो उनके खिलाफ सेक्शन 354-A के तहत एक्शन लिया जाएगा और ऑफिस के अंदर इस्तेमाल की जाने वाली मशीन और अन्य सामानों को भी हटा दिया जाएगा। अब ऐसे में कंगना रनौत के लिए ये एक बड़ी मुसीबत सामने आ खड़ी हुई है। तो देखने वाली बात होगी कि कंगना के इस ऑफिस का भविष्य क्या होगा। यानी साफ है कि केंद्र कंगना को सुरक्षा दे रहा है जबकि राज्य भिड़ने के मूड में है..यानी ये लड़ाई कहीं न कहीं केंद्र vs राज्य की हो गई है।


