शिक्षकों की मनमानी से बच्चों का भविष्य दांव पर,4 महीनों से नहीं मिल रहा मध्यान्ह भोजन
भटगांव ! बिलाईगढ विकास खण्ड के प्राथमिक शाला स्कूल अंजनिया में शिक्षक की मनमानी की घटना प्रकाश में है शिक्षक दरसराम साहू की चलती है

पानी के लिए एक किमी की दूरी तय करने की मजबूरी
भटगांव ! बिलाईगढ विकास खण्ड के प्राथमिक शाला स्कूल अंजनिया में शिक्षक की मनमानी की घटना प्रकाश में है शिक्षक दरसराम साहू की चलती है राज यहॉ शिक्षा विभाग के नियम कानून को शिक्षक लगा रहा बट्टा माह में 15 दिन स्कूल पढाने आ जाये तो बडी बात है । यहॉ सरकार के नियमों का कोई सरोकार नही है दरस की माया अपरम पार है 04 माह हो गये स्कूल में बच्चों ने मीड डे भोजन का स्वाद नही चखा अपने घर से रोज भोजन करके स्कूल पढने आते है। यही नही बच्चों को स्कूल के लिए 01 किलो मीटर दूर चल कर पानी भी भरना पडता है यहॉ लम्बे समय से शिक्षक की मनमानी चल रही है जिससे ग्रामवासी और स्कूल के बच्चे परेशान है शिक्षक बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड कर रहा है वही सरकार की महत्वकांक्षी योजना मीड डे भ्रष्टाचार की बली चढ गई है । समय रहते ध्यान देने की जरूरत है ताकि बच्चो का भविष्य अंधकार न हो ।
प्राथमिक शाला अंजनिया के स्कुलों में पिछले 4 माह से मध्यान भोजन नही बन रहा है ना ही स्कुल में पानी की व्यवस्था नही। शिक्षक मनमाना कार्य कर रहे है। शिक्षा विभाग के अधिकारी की उदासिनता के कारण स्कुल में अव्यवस्था बना है। बिलाईगढ़ विकासखण्ड के बोड़ा ग्राम पंचायत के आश्रित ग्राम अंजनिया के प्राथमिक शाला के बच्चों को पिछले चार माह से मध्यान भोजन से वंचित है जहां अंजनिया के प्राथमिक शाला में चार माह से मध्यान भोजन नही बनाया जा रहा है। जहां शिक्षक मनमाना कार्य कर रहे है। ग्रामवासियों ने बताया की शिक्षक दरसराम साहू दो दिन में आता है और दो दिन नही आता इस तरह पूरा माह गुजर जाता है और रजिस्टर का निरिक्षण किया गया तो 20 फरवरी तक उपस्थिति पंजी में हस्ताक्षर मिला। उपस्थित बच्चों ने भी बताया कि शिक्षक नही आता है बच्चे स्कुल में स्वयं पुस्तक निकालकर बैठे नजर आये। जहां ग्रामवासीयों ने बताया की शिक्षक नेताम के रहते तक मध्यान भोजन बना और आज चार माह होने को है मध्यान भोजन नही बनाया जा रहा है। शासन बच्चो को स्कुल तक पहुंचाने के लिए स्कुलों मे दर्ज संख्या बढाने के लिए नित नयोयोजना बना रहे ताकि कोई बच्चा स्कुल जाने से वंचित न हो इस लिए शासन बच्चों को ड्रेस, पुस्तक कॉपी, मध्यान भोजन , स्कुलों मे पानी, शौचालय तक हर स्तर में बच्चों की भविष्य उज्जवल बनाने के लिए कार्य कर रहे है पर प्राथमिक शाला अंजनिया में बच्चों की संख्या 9 है और यह स्कुल बिलाईगढ़ विकासखण्ड के ग्राम पंचायत बोड़ा के आश्रित ग्राम है जो चारो तरफ से जंगल तथा पहाड़ो से धिरा है। यहां तक जाने के लिए कच्ची मार्ग से होकर अंजनिया ग्राम पहुंचा जा सकता है। प्राथमिक शाला अंजनिया के बच्चें शिक्षक के बिना ही स्कुल में बच्चे पढ़ते नजर आये पर शिक्षक नदारत रहे। जहां बच्चे स्कुल में पानी की व्यवस्था किया करते है और शिक्षक के आने का इंतिजार करते है जहां बच्चों से पुछा गया तो बच्चों ने बताया की गुरू जी स्कुल एक दिन आथे एक दिन नई आथे अऊ चल देथे। इस तरह शासन बच्चों को स्कुल से जोडऩे की मंशा को बच्चे स्कुल आकर पुरा कर रहे है पर शिक्षक मनमाना कार्य कर रहे है। स्कुल में शिक्षक के न होने पर ग्रामवासियों को स्कुल में बुलाया गया तो स्कुल में उपस्थित पंचराम बरिहा, दुखुराम बरिहा, श्रवण कुमार बरिहा, उत्तरा कुमार बरिहा ने बताया कि शिक्षक दरसराम साहू स्कुल दो दिन आता है और दो दिन नही आता है और चार माह से इस स्कुल में मध्यान भोजन नही बन रहा है बच्चे घर से भोजन करते है और स्कुल में पढ़ते है स्कुल में पानी की व्यवस्था नही है। शिक्षक द्वारा बच्चों की पढ़ाई में ध्यान नही दिया जाता मनमाना स्कुल आते-जाते रहते है जिससे बच्चों की पढ़ाई प्रभावित नजर आ रही है प्रधान पाठक के रवैये से पालक व बच्चे परेशान है। मै शाला प्रबंधन समिति की बैठक लेकर बोलता हूं और वही हमारे संवाददाता ने आगे पूछा तो प्रधान पाठक अपना पल्ला मारते नजर आये। अब यह देखना है कि ऐसे प्रधान पाठक के उपर उच्चाधिकारी क्या कार्यवाही करते है।
क्या कहते है स्कूल के बच्चे - हमर गुरू जी एक दिन आथे दूसर दिन नी आये फेर ओखर बाद आथे हमन ल सप्ताह म रविवार के छुट्टी मिलथे अउ हमर गुरूजी के हर दुसरा दिन छुट्टी । अउ बहुत दिन होगे स्कूल म हमन भात नी खाये बर पावत हन स्कुल म पानी घलो भरवाथे पढाई लिखाई नी होवत हावे।
मेरे पास ऐसी कोई शिकायत नही आई है आपके माध्यम से मुझे पता चला है अगर ऐसी स्थिति है तो मैं जांच के लिए भेजूंगा अगर दोषी पाया जाता है तो कार्यवाही करूंगा।
जे.आर.डहरिया
विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी बिलाईगढ
पहले मैं दिखवा लेता हूं वाकई में सही है कि नही अगर जांच में गलत पाये गया तो कार्यवाही होगी।
जी.आर. चन्द्राकार
जिला शिक्षा अधिकारी बलौदाबाजार


