शोभित विश्वविद्यालय ने प्रबंधन शिक्षा में वैश्विक मानकों की दिशा में बढ़ाया एक परिवर्तनकारी कदम

प्रबंधन शिक्षा में अपने "उत्कृष्टता के तीन दशक" पूर्ण होने के उपलक्ष्य में आयोजित वर्षव्यापी समारोहों के अंतर्गत शोभित विश्वविद्यालय के नाइस स्कूल ऑफ बिजनेस स्टडीज़ ने 7 जुलाई 2026 को आयोजित एएसीएसबी सदस्यता ऑनबोर्डिंग समारोह के माध्यम से एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की;

By :  Deshbandhu
Update: 2026-07-08 19:24 GMT

नाइस स्कूल ऑफ बिजनेस स्टडीज़ एएसीएसबी के वैश्विक समुदाय से जुड़ा, उत्कृष्टता के नए युग की शुरुआत

मेरठ। प्रबंधन शिक्षा में अपने "उत्कृष्टता के तीन दशक" पूर्ण होने के उपलक्ष्य में आयोजित वर्षव्यापी समारोहों के अंतर्गत शोभित विश्वविद्यालय के नाइस स्कूल ऑफ बिजनेस स्टडीज़ ने 7 जुलाई 2026 को आयोजित एएसीएसबी सदस्यता ऑनबोर्डिंग समारोह के माध्यम से एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की। यह अवसर विश्व के सबसे प्रतिष्ठित बिजनेस स्कूल नेटवर्क में संस्थान के औपचारिक प्रवेश का प्रतीक बना तथा प्रबंधन शिक्षा में नवाचार, अनुसंधान, उद्योग सहभागिता और सतत गुणवत्ता सुधार के प्रति उसकी प्रतिबद्धता को और सुदृढ़ करता है।

एसोसिएशन टू एडवांस कॉलेजिएट स्कूल्स ऑफ बिजनेस (एएसीएसबी) की स्थापना वर्ष 1916 में हुई थी। यह विश्व का सबसे पुराना तथा प्रबंधन शिक्षा में गुणवत्ता संवर्धन के लिए समर्पित सबसे प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय संगठनों में से एक है। एएसीएसबी विश्वभर के अग्रणी बिजनेस स्कूलों, शिक्षाविदों, शोधकर्ताओं और उद्योग जगत के विशेषज्ञों को एक साझा मंच प्रदान करता है, जो प्रबंधन शिक्षा के भविष्य को नई दिशा देने के लिए कार्यरत हैं।

इस उपलब्धि के साथ नाइस स्कूल ऑफ बिजनेस स्टडीज़ मेरठ का पहला बिजनेस स्कूल बन गया है, जिसने एएसीएसबी के वैश्विक समुदाय की सदस्यता प्राप्त की है। इसके साथ ही संस्थान उन चुनिंदा भारतीय बिजनेस स्कूलों की श्रेणी में शामिल हो गया है, जो प्रबंधन शिक्षा को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। यह सदस्यता वैश्विक उत्कृष्टता की एक दीर्घकालिक यात्रा का प्रारंभ है, जिसके माध्यम से संस्थान पाठ्यक्रम विकास, परिणाम-आधारित शिक्षा, संकाय विकास, अनुसंधान, उद्योग सहयोग, सुशासन तथा संस्थागत प्रभावशीलता जैसे क्षेत्रों में अंतरराष्ट्रीय सर्वोत्तम प्रथाओं को अपनाएगा।

यह उपलब्धि इसलिए भी विशेष महत्व रखती है क्योंकि नाइस स्कूल ऑफ बिजनेस स्टडीज़ इस वर्ष प्रबंधन शिक्षा में अपनी 30 वर्षों की उत्कृष्ट यात्रा का उत्सव मना रहा है। पिछले तीन दशकों में संस्थान ने गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, शैक्षणिक नवाचार तथा उद्योग से सशक्त सहभागिता के माध्यम से जिम्मेदार नेतृत्वकर्ताओं, उद्यमियों और पेशेवरों का निर्माण किया है। एएसीएसबी के वैश्विक समुदाय से जुड़ना इस गौरवशाली विरासत का स्वाभाविक विस्तार है और यह संस्थान की उस प्रतिबद्धता को और सुदृढ़ करता है, जिसके अंतर्गत वह वैश्विक दृष्टिकोण से सक्षम, नैतिक मूल्यों से प्रेरित तथा सामाजिक रूप से उत्तरदायी भावी व्यवसायिक नेताओं का निर्माण कर 'विकसित भारत @2047' और भारत को वैश्विक प्रतिभा केंद्र बनाने के राष्ट्रीय संकल्प में सार्थक योगदान देने के लिए प्रतिबद्ध है।

समारोह में अतिथियों का स्वागत करते हुए डॉ. क्षमता चौहान, निदेशक, नाइस स्कूल ऑफ बिजनेस स्टडीज़ ने कहा कि एएसीएसबी सदस्यता संस्थान की वैश्विक उत्कृष्टता की यात्रा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है। उन्होंने कहा कि 'विकसित भारत @2047' के लक्ष्य को प्राप्त करने में उच्च शिक्षण संस्थानों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। भारत को वैश्विक प्रतिभा केंद्र के रूप में स्थापित करने के लिए ऐसे स्नातकों की आवश्यकता है, जो तकनीक-संचालित भविष्य में मानव–मशीन सहयोग के वातावरण में प्रभावी नेतृत्व कर सकें। उन्होंने कहा कि नाइस स्कूल ऑफ बिजनेस स्टडीज़ उद्योगोन्मुख, प्रौद्योगिकी-सक्षम तथा वैश्विक मानकों पर आधारित शिक्षण वातावरण विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध है, जो विद्यार्थियों को वर्तमान ही नहीं बल्कि भविष्य के उभरते हुए करियर के लिए भी तैयार करेगा।

अध्यक्षीय उद्बोधन में माननीय कुलाधिपति श्री कुंवर शेखर विजेन्द्र ने कहा कि शोभित विश्वविद्यालय की स्थापना से ही उत्कृष्टता उसकी मूल पहचान रही है। विश्वविद्यालय अपने चौथे दशक में प्रवेश करते हुए गुणवत्ता, नवाचार, अनुशासन, नैतिक नेतृत्व तथा सतत सुधार की संस्कृति को और सशक्त बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालयों की भूमिका केवल शिक्षा प्रदान करने तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि उन्हें अनुसंधान, नवाचार तथा उद्योग सहयोग के माध्यम से स्थानीय उद्योगों और समाज की वास्तविक समस्याओं के समाधान में भी सक्रिय योगदान देना चाहिए। उन्होंने मेरठ मैनेजमेंट एसोसिएशन जैसे उद्योग संगठनों के साथ सहयोग को और मजबूत बनाने पर बल दिया, ताकि अकादमिक जगत और उद्योग के बीच प्रभावी सेतु का निर्माण हो सके तथा विद्यार्थियों के लिए सीखने, नवाचार और रोजगार के नए अवसर सृजित किए जा सकें। उन्होंने 'विकसित भारत @2047' के निर्माण में सामाजिक रूप से उत्तरदायी नेतृत्व विकसित करने के लिए विश्वविद्यालय की प्रतिबद्धता दोहराई।

इस अवसर पर एएसीएसबी के दक्षिण एशिया क्षेत्रीय प्रमुख श्री प्रताप दास ने विश्वविद्यालय को एएसीएसबी के वैश्विक नेटवर्क से जुड़ने पर बधाई देते हुए कहा कि सदस्यता किसी उपलब्धि का अंत नहीं, बल्कि वैश्विक उत्कृष्टता की एक परिवर्तनकारी यात्रा का प्रारंभ है। उन्होंने बताया कि एएसीएसबी का ढांचा छात्र अधिगम, संकाय विकास, परिणाम-आधारित शिक्षा, प्रभावशाली अनुसंधान, नवाचार, उद्योग सहभागिता तथा संस्थागत प्रभावशीलता को सतत सुधार की प्रक्रिया के माध्यम से सुदृढ़ करता है। उन्होंने कहा कि एएसीएसबी से जुड़े संस्थानों को अंतरराष्ट्रीय सहयोग, संयुक्त अनुसंधान, संकाय एवं छात्र विनिमय कार्यक्रमों तथा वैश्विक मानकों पर आधारित प्रबंधन शिक्षा के माध्यम से विद्यार्थियों की रोजगार क्षमता बढ़ाने में महत्वपूर्ण लाभ प्राप्त होते हैं।

शोभित विश्वविद्यालय, मेरठ के कुलपति प्रो. वी. के. त्यागी ने कहा कि भारत ज्ञान, नवाचार और उद्यमिता के वैश्विक केंद्र के रूप में उभर रहा है। ऐसे में भारतीय विश्वविद्यालयों के लिए अंतरराष्ट्रीय गुणवत्ता मानकों के अनुरूप स्वयं को निरंतर विकसित करना आवश्यक है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि एएसीएसबी सदस्यता विद्यार्थियों, शिक्षकों और शोधकर्ताओं के लिए नए अवसरों का सृजन करेगी तथा शोभित विश्वविद्यालय की वैश्विक पहचान को और सशक्त बनाएगी।

प्रो. देवेन्द्र नारायण, वरिष्ठ निदेशक (मानव संसाधन एवं कॉर्पोरेट रिलेशंस), ने कहा कि यह सदस्यता परिणाम-आधारित शिक्षा, अनुसंधान संस्कृति, शैक्षणिक गुणवत्ता, नवाचार और संस्थागत प्रभावशीलता को और मजबूत करेगी। इससे विद्यार्थियों को आधुनिक शिक्षण पद्धतियों, उद्योग से बेहतर जुड़ाव, अंतरराष्ट्रीय अनुभव और बेहतर करियर अवसरों का लाभ मिलेगा।

प्रो. एम. एल. सिंगला, सलाहकार, शोभित विश्वविद्यालय ने इस उपलब्धि पर विद्यालय परिवार को बधाई देते हुए कहा कि वैश्विक उत्कृष्टता की इस यात्रा में प्रत्येक शिक्षक, अधिकारी और कर्मचारी की प्रतिबद्धता तथा सामूहिक प्रयास अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि नाइस स्कूल ऑफ बिजनेस स्टडीज़ गुणवत्ता, नवाचार और सतत सुधार के सर्वोच्च मानकों को निरंतर बनाए रखेगा।

समारोह का सबसे यादगार क्षण वह रहा जब श्री प्रताप दास ने डॉ. क्षमता चौहान, निदेशक, नाइस स्कूल ऑफ बिजनेस स्टडीज़ को औपचारिक रूप से एएसीएसबी सदस्यता प्रमाण-पत्र प्रदान किया, जो संस्थान के एएसीएसबी वैश्विक समुदाय में औपचारिक प्रवेश का प्रतीक बना।

कार्यक्रम का सफल संचालन डॉ. नेहा याजुर्वेदी ने किया। इस अवसर पर डॉ. आशीष अग्रवाल (एफसीए), मेरठ मैनेजमेंट एसोसिएशन के अध्यक्ष श्री एस. पी. सिंह एवं कोषाध्यक्ष डॉ. रविचंद्रन, शोभित विश्वविद्यालय के सभी डीन एवं निदेशक, संकाय सदस्य, उद्योग जगत के प्रतिनिधि, शिक्षाविद्, विद्यार्थी तथा अनेक गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे।

कार्यक्रम का समापन डॉ. नवनीश त्यागी द्वारा प्रस्तुत धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ।

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