इश्क, इनकार और खूनी इंतकाम... भाभी ने ठुकराई शादी तो देवर ने उठाया खौफनाक कदम
जानकारी के अनुसार, करिश्मा की शादी पहले दीपक से तय होने की चर्चा चली थी, लेकिन करिश्मा ने इस रिश्ते से इंकार कर दिया था। बाद में उसका विवाह प्रमोद से हुआ।
मथुरा/आगरा। उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले में एक सिरफिरे युवक ने अपनी ही भाभी की बेरहमी से हत्या कर दी। पुलिस के अनुसार, शादी के मात्र तीन महीने बाद पारिवारिक रंजिश और एकतरफा जुनून के चलते देवर ने अपनी भाभी की गला काटकर हत्या कर दी। वारदात के बाद उसने साक्ष्य मिटाने की कोशिश की और फिर खुद पर भी हमला कर जान देने का प्रयास किया। आरोपी की हालत गंभीर होने पर उसे आगरा रेफर किया गया है।
तीन माह पहले हुई थी शादी
पुलिस के मुताबिक, नौहझील थाना क्षेत्र निवासी ज्वाला प्रसाद के बेटे प्रमोद की शादी देवोत्थान एकादशी के अवसर पर आयोजित सामूहिक विवाह समारोह में आगरा की रहने वाली करिश्मा से हुई थी। विवाह को अभी लगभग तीन महीने ही हुए थे। परिवार में ज्वाला प्रसाद, उनकी पत्नी अंगूरी देवी और अविवाहित बेटा दीपक घर पर रहते हैं। प्रमोद के अन्य तीन भाई अपने परिवारों के साथ हरियाणा में निवास करते हैं। प्रमोद मजदूरी करता है और शनिवार शाम भी वह ईंट भट्ठे से काम करके लौटा था।
शनिवार रात हुआ विवाद
बताया गया है कि शनिवार रात करीब नौ बजे करिश्मा अपने कमरे में मोबाइल फोन पर बात कर रही थी। इसी दौरान उसका देवर दीपक कमरे में पहुंच गया। आरोप है कि उसने अनुचित व्यवहार करने की कोशिश की। इस पर करिश्मा ने कड़ा विरोध जताया और पति से शिकायत करने की चेतावनी दी। इसके बाद वह अपनी सास अंगूरी देवी के पास जाकर सो गई। रात करीब सवा दो बजे प्रमोद अपने पिता के साथ खेत से पानी लगाकर लौटा और करिश्मा को अपने कमरे में ले गया। उस समय किसी अप्रिय घटना की जानकारी परिवार के अन्य सदस्यों को नहीं थी।
सुबह की वारदात
रविवार सुबह करीब आठ बजे प्रमोद और उसके पिता अपने-अपने काम पर चले गए। घर में मां अंगूरी देवी, करिश्मा और दीपक मौजूद थे। आरोप है कि इसी दौरान दीपक दोबारा करिश्मा के कमरे में पहुंचा। पुलिस के अनुसार, सुबह साढ़े आठ बजे के आसपास दीपक ने धारदार ब्लेड से करिश्मा पर हमला कर दिया। गंभीर चोट लगने से करिश्मा की हालत बिगड़ गई। घटना के बाद आरोपी ने खुद पर भी हमला किया। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी ने घटना के बाद कमरे में मौजूद खून के निशान साफ करने की कोशिश की। उसने गद्दे को धोकर छत पर सुखाने के लिए डाल दिया और ब्लेड को चूल्हे की राख में छिपा दिया। इसके बाद उसने दोबारा खुद को घायल कर लिया। अधिक खून बहने के कारण वह कमरे में ही गिर पड़ा।
मां ने देखा तो मचा हड़कंप
कुछ देर बाद जब अंगूरी देवी कमरे में पहुंचीं तो दोनों को घायल अवस्था में देखकर चीख पड़ीं। शोर सुनकर आसपास के लोग जुट गए। परिजनों और ग्रामीणों की मदद से दोनों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) ले जाया गया, जहां से गंभीर स्थिति को देखते हुए जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। जिला अस्पताल में डॉक्टरों ने करिश्मा को मृत घोषित कर दिया। वहीं दीपक की हालत गंभीर होने पर उसे आगरा के लिए रेफर कर दिया गया, जहां उसका उपचार जारी है।
पहले भी था विवाह प्रस्ताव का विवाद
एसएसपी श्लोक कुमार ने बताया कि पूछताछ में एक महत्वपूर्ण तथ्य सामने आया है। जानकारी के अनुसार, करिश्मा की शादी पहले दीपक से तय होने की चर्चा चली थी, लेकिन करिश्मा ने इस रिश्ते से इंकार कर दिया था। बाद में उसका विवाह प्रमोद से हुआ। पुलिस का कहना है कि इसी बात को लेकर दीपक मन में रंजिश रखे हुए था। प्रारंभिक जांच में यह भी संकेत मिले हैं कि आरोपी भाभी के प्रति एकतरफा लगाव रखता था, जो समय के साथ जुनून का रूप ले चुका था।
मामला दर्ज, जांच जारी
घटना की सूचना मिलते ही नौहझील पुलिस मौके पर पहुंची और फोरेंसिक टीम को बुलाया गया। कमरे से सबूत एकत्र किए गए हैं। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ हत्या और अन्य संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। एसएसपी ने बताया कि आरोपी की हालत स्थिर होने पर उससे विस्तृत पूछताछ की जाएगी। फिलहाल परिवार के सदस्यों और आसपास के लोगों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि घटना पूर्व नियोजित थी या अचानक हुए विवाद का परिणाम।
गांव में शोक और आक्रोश
घटना के बाद गांव में शोक और आक्रोश का माहौल है। नवविवाहिता की असामयिक मृत्यु से परिवार सदमे में है। करिश्मा के मायके पक्ष को सूचना दे दी गई है और उनके पहुंचने के बाद आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
ग्रामीणों का कहना है कि परिवार सामान्य रूप से रह रहा था और इस तरह की घटना की किसी को आशंका नहीं थी। वहीं कुछ लोगों का मानना है कि घर के भीतर चल रहे तनाव की जानकारी बाहर नहीं आ पाई।
सामाजिक संकेत
यह घटना पारिवारिक रिश्तों में बढ़ते तनाव और एकतरफा मानसिकता के खतरनाक परिणामों की ओर इशारा करती है। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे मामलों में समय रहते संवाद और कानूनी हस्तक्षेप आवश्यक होता है, जिससे गंभीर अपराधों को रोका जा सके।
पुलिस ने आश्वासन दिया है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पूरे क्षेत्र में इस घटना को लेकर चर्चा और चिंता का माहौल बना हुआ है।