मुख्यमंत्री विजय ने 4,800 करोड़ रुपए के बड़े शहरी इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स का ऐलान किया

तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने बुधवार को पीने के पानी, सीवरेज, सड़क, ग्रीन स्पेस और डिजिटल ट्रांसपोर्ट से जुड़ी योजनाओं के साथ-साथ विरोध कर रहे किसानों और शिक्षकों के खिलाफ दर्ज मामले वापस लेने का ऐलान किया।;

Update: 2026-09-03 06:43 GMT

चेन्नई। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने बुधवार को पीने के पानी, सीवरेज, सड़क, ग्रीन स्पेस और डिजिटल ट्रांसपोर्ट से जुड़ी योजनाओं के साथ-साथ विरोध कर रहे किसानों और शिक्षकों के खिलाफ दर्ज मामले वापस लेने का ऐलान किया।

उन्होंने विधानसभा में ये घोषणाएं तब कीं, जब वहां डेयरी विकास, मत्स्य पालन और पशुपालन के लिए अनुदान की मांगों पर चर्चा हो रही थी।

सबसे बड़ा प्रोजेक्ट मिंजुर में 400 मिलियन लीटर प्रतिदिन क्षमता वाला समुद्री जल डिसेलिनेशन प्लांट है, जिसकी अनुमानित लागत 4,800 करोड़ रुपए है। यह उत्तरी चेन्नई, अवादी, पोन्नेरी और मिंजुर की पीने के पानी की जरूरतों को पूरा करेगा। 500 करोड़ रुपए की एक अलग योजना के तहत अवादी कॉर्पोरेशन के हर घर में चौबीसों घंटे पानी की सप्लाई की जाएगी।

सरकार मदुरै और कुड्डालोर कॉर्पोरेशन, नौ नगर पालिकाओं और 20 टाउन पंचायतों में पानी की सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए 1,000 करोड़ रुपए खर्च करेगी।

इसके अलावा, 33 पुरानी संयुक्त जल-आपूर्ति योजनाओं के नवीनीकरण के लिए पहले चरण में 300 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। चेन्नई के किलपॉक जल उपचार संयंत्र की क्षमता 410 करोड़ रुपए की लागत से बढ़ाई जाएगी।

मदुरै के 40 साल पुराने भूमिगत सीवरेज नेटवर्क के आधुनिकीकरण का पहला चरण इस साल 2,400 करोड़ रुपए की लागत से शुरू किया जाएगा। नागरकोइल कॉर्पोरेशन के बिना कवर किए गए और नए शामिल किए गए इलाकों के साथ-साथ कुंद्राथुर और नंदीवरम-गुडुवांचेरी नगर पालिकाओं में 960 करोड़ रुपए के नए भूमिगत जल निकासी प्रोजेक्ट भी लागू किए जाएंगे।

पेरंबूर, कोलाथुर, विल्लीवक्कम और एग्मोर में पानी और सीवरेज नेटवर्क को 236 करोड़ रुपए की लागत से बेहतर बनाया जाएगा। तिरुनेलवेली में 9 मेगावाट और सलेम में 10 मेगावाट बिजली पैदा करने वाले वेस्ट-टू-एनर्जी प्लांट कुल 547 करोड़ रुपए की लागत से लगाए जाएंगे।

वहीं, चेन्नई समेत शहरी स्थानीय निकायों में सड़कों के निर्माण और मरम्मत के लिए 1,850 करोड़ रुपए दिए जाएंगे। इसके अलावा, स्कूलों के आसपास सुरक्षित रास्ते बनाने, जंक्शन को बेहतर करने और दूसरे नगर निगमों में ऐसे ही कामों के लिए 275 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे।

सरकार कुल 305 करोड़ रुपए की लागत से एक करोड़ पौधे लगाएगी और उनकी देखभाल करेगी, तिरुचि, तिरुप्पुर और पुदुक्कोट्टई में बड़े पार्क बनाएगी और पूरे राज्य में 250 पार्क विकसित करेगी।

विरासत और पर्यटन से जुड़े कामों में चिदंबरम की चार 'कार स्ट्रीट' (रथ यात्रा वाली सड़कें) को बेहतर बनाना, कुड्डालोर में फोर्ट सेंट डेविड से सिल्वर बीच तक हेरिटेज वॉक बनाना और कन्याकुमारी के समुद्र तट को सुंदर बनाना शामिल है।

15 सितंबर से, ड्राइविंग टेस्ट पास करने वाले उम्मीदवारों को उसी दिन डिजिटल लाइसेंस मिल जाएगा, जबकि वाहन मालिक डिजिटल रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट डाउनलोड कर सकेंगे।

Tags:    

Similar News