नागोया: एशियन गेम्स 2026 में भारतीय खिलाड़ियों का शानदार प्रदर्शन जारी है। बॉक्सिंग में भारत को एक के बाद एक बड़ी सफलता मिली। महिला 65 किलोग्राम वर्ग में परवीन हुड्डा ने गोल्ड मेडल जीता, जबकि लवलीना बोरगोहेन ने भी फाइनल में जीत दर्ज कर भारत की झोली में स्वर्ण पदक डाला। इसके अलावा आर्चरी, सेलिंग और रेसलिंग में भी भारतीय खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन किया। रिकर्व के मिक्स्ड टीम इवेंट में भारत ने ऐतिहासिक सिल्वर मेडल हासिल किया।
परवीन हुड्डा ने चेन निएन-चिन को हराया
महिला 65 किलोग्राम बॉक्सिंग के फाइनल में भारत की परवीन हुड्डा का सामना चीनी ताइपे की चेन निएन-चिन से हुआ। दोनों मुक्केबाजों के बीच मुकाबला बेहद कड़ा रहा और आखिर में परवीन ने 3-2 के स्प्लिट डिसीजन से जीत दर्ज कर गोल्ड मेडल अपने नाम किया। फाइनल के दौरान परवीन ने काउंटर पंच का प्रभावी इस्तेमाल करते हुए अंक जुटाए और मुकाबले में अपनी बढ़त बनाए रखी। करीबी मुकाबले में निर्णायकों के फैसले के बाद भारतीय मुक्केबाज को विजेता घोषित किया गया।
पदक गंवाने के बाद शानदार वापसी
परवीन हुड्डा के लिए यह गोल्ड मेडल खास महत्व रखता है। उन्होंने हांगझोउ एशियन गेम्स में ब्रॉन्ज मेडल जीता था, लेकिन बाद में व्हेयरअबाउट्स नियम के उल्लंघन से जुड़े मामले के कारण वह पदक गंवा बैठीं। इसके बाद उनकी वापसी पर नजरें थीं। अब एशियन गेम्स के फाइनल में जीत हासिल कर परवीन ने एक महत्वपूर्ण अंतरराष्ट्रीय पदक अपने नाम किया है। उनकी प्रतिद्वंद्वी चेन निएन-चिन पूर्व विश्व चैंपियन हैं और कैंसर से जंग के बाद रिंग में वापसी कर चुकी हैं। मुकाबले के बाद चेन ने खेल भावना का परिचय देते हुए परवीन को उठाकर उनकी जीत की बधाई दी।
लवलीना ने भी जीता गोल्ड
महिला बॉक्सिंग में भारत को एक और स्वर्ण पदक लवलीना बोरगोहेन ने दिलाया। फाइनल में भारतीय स्टार का सामना चीन की मुक्केबाज से हुआ। लवलीना ने मुकाबला 5-0 से अपने नाम किया और गोल्ड मेडल जीता। इस जीत के साथ महिला बॉक्सिंग में भारत ने लंबे अंतराल के बाद एशियन गेम्स में स्वर्ण पदक हासिल किया। लवलीना की जीत भारतीय बॉक्सिंग अभियान के लिए अहम उपलब्धि रही।
रिकर्व टीम में भारत को सिल्वर
आर्चरी में भारतीय पुरुष रिकर्व टीम को सिल्वर मेडल से संतोष करना पड़ा। फाइनल में भारत का सामना दक्षिण कोरिया से हुआ, जहां कोरियाई टीम ने 5-1 से जीत दर्ज कर गोल्ड मेडल अपने नाम किया। भारतीय टीम इससे पहले भी पिछले एशियन गेम्स में इसी इवेंट में सिल्वर मेडल जीत चुकी थी। एक बार फिर फाइनल में दक्षिण कोरिया के खिलाफ मुकाबला हुआ और भारत को रजत पदक मिला।
मिक्स्ड टीम रिकर्व में ऐतिहासिक सिल्वर
मिक्स्ड टीम रिकर्व इवेंट में भी भारत ने सिल्वर मेडल हासिल किया। फाइनल में भारत की कुमकुम मोहोद और धीरज की जोड़ी का सामना चीन से हुआ। चीन ने मुकाबला 5-3 से जीतकर गोल्ड अपने नाम किया, जबकि भारतीय जोड़ी को सिल्वर मेडल मिला। इस पदक की खास बात यह रही कि एशियन गेम्स के मिक्स्ड टीम रिकर्व इवेंट में भारत ने पहली बार कोई पदक जीता है। इस लिहाज से कुमकुम और धीरज की उपलब्धि भारतीय आर्चरी के लिए महत्वपूर्ण रही।
नेत्रा कुमनन ने सेलिंग में जीता ब्रॉन्ज
सेलिंग में भारत की नेत्रा कुमनन ने डिंगी इवेंट में ब्रॉन्ज मेडल जीता। उनके पदक ने भारतीय दल के खाते में एक और पदक जोड़ा। नेत्रा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारतीय सेलिंग का प्रतिनिधित्व करती रही हैं और एशियन गेम्स में उनका यह प्रदर्शन महत्वपूर्ण रहा।
सुजीत कलकल से रेसलिंग में उम्मीद
रेसलिंग में भारत के सुजीत कलकल ने पुरुषों के 65 किलोग्राम वर्ग के सेमीफाइनल में जगह बनाई। उन्होंने क्वार्टरफाइनल मुकाबले में ईरान के पहलवान को 10-0 से हराया। एकतरफा अंदाज में मिली इस जीत के बाद सुजीत की नजर अब फाइनल में जगह बनाने पर है। इस तरह बॉक्सिंग, आर्चरी, सेलिंग और रेसलिंग में भारतीय खिलाड़ियों के प्रदर्शन से एशियन गेम्स में भारत के पदकों की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है।