देवास : केपी कॉलेज में पीएम एक्सीलेंस का असर, शिक्षा स्तर में आया बड़ा सुधार
मध्य प्रदेश के देवास में स्थित केपी कॉलेज के पीएम एक्सीलेंस होने के बाद शिक्षा के स्तर में काफी सुधार आया है
देवास। मध्य प्रदेश के देवास में स्थित केपी कॉलेज के पीएम एक्सीलेंस होने के बाद शिक्षा के स्तर में काफी सुधार आया है। कॉलेज में पहले के मुकाबले कोर्स की संख्या बढ़ने के साथ ही फैकल्टी की संख्या में भी बढ़ोतरी हुई है।
केपी कॉलेज के पीएम एक्सीलेंस कॉलेज होने के बाद यहां पढ़ रहे छात्र-छात्राओं ने अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने बताया कि पीएम एक्सीलेंस होने के बाद कॉलेज में कई परिवर्तन आए हैं, जहां कुछ कोर्स बढ़े हैं, वहीं शिक्षा के स्तर में भी सुधार आया है। फैकल्टी की संख्या भी बढ़ी है, और कॉलेज पीएम एक्सीलेंस हो गया है, तो यहां पर नए कोर्स भी आए हैं।
कॉलेज प्राचार्य डॉ. एसपीएस राणा ने बताया कि पीएम एक्सीलेंस होने के बाद यहां पर कई कोर्स बढ़े हैं और आने वाले समय में अन्य नए कोर्स भी शुरू किए जाएंगे। यहां पर फैकल्टी की संख्या बढ़ी है और इसके चलते कॉलेज में विकास के कार्य भी हो रहे हैं।
उन्होंने कहा, "बदलाव में सबसे महत्वपूर्ण जो हुआ है, वो है कि यहां पर साइंस फैकल्टी खोले गए हैं। इसके बाद कई सारे नए विषय हमें दिए गए हैं, जिसमें एक बीएससी है। इस बार बीएससी का दूसरा साल शुरू होगा। बीएएलएलबी के लिए हमने प्रयास किया है। इसके लिए एप्लीकेशन भी दे दिया है। बीएससी, बीएड और बीए बीएड कोर्स भी लाएंगे। ये उच्चतर शिक्षा के अनुदान आयोग से ग्रांट होगा।"
आम कॉलेज और पीएम एक्सीलेंस कॉलेज के बारे में बात करते हुए, उन्होंने कहा कि आम स्कूलों या कॉलेजों में फैकल्टी सिंगल या डबल होते हैं। पीएम एक्सीलेंस विद्यालयों में मल्टी फैकल्टी होते हैं। पीएम एक्सीलेंस विद्यालयों की खासियत यह है कि यहां एक कॉलेज में ज्यादा फैकल्टी होते हैं, जिससे छात्रों के पास कई ऑप्शन होते हैं।
बीकॉम फाइनल ईयर की छात्रा सुभाना कुरैशी ने बताया कि केपी कॉलेज में बहुत सी चीजें पहले से बेहतर हो गई है। वैल्यू एडेड कोर्स ज्यादा हो गए हैं। फैकल्टी के बारे में बात करते हुए उन्होंने कहा कि पहले की तुलना में उनकी संख्या बढ़ी है। इसी के साथ छात्रों के प्रति उनका सहयोग हर तरह से काफी ज्यादा रहता है। नए कोर्स के बारे में बात करते हुए उन्होंने कहा कि साइंस में नए कोर्स आए हैं और कॉमर्स में भी नए कोर्स शुरू हुए हैं।
संजू चौहान ने बताया कि पीएम एक्सीलेंस होने से पहले केपी कॉलेज में फैकल्टी की कमी थी, लेकिन अब फैकल्टी की संख्या में बढ़ोतरी हुई है। कोर्स और शिक्षा के स्तर में सुधार को लेकर बात करते हुए उन्होंने कहा कि नए कई विषय शुरू किए गए हैं।