ग्रेनो में 45 औद्योगिक भूखंडों पर लग सकेंगे उद्योग, 10 हजार युवाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने 45 औद्योगिक भूखंड योजना लांच कर दी है
ग्रेटर नोएडा। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने 45 औद्योगिक भूखंड योजना लांच कर दी है। इस स्कीम के ब्रोशर सोमवार से ऑनलाइन उपलब्ध हो गए हैं। अब पंजीकरण भी करा सकते हैं। इन 45 भूखंडों के आवंटन से ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण को प्लॉट के एवज में रिजर्व प्राइस से करीब 500 करोड़ रुपये मिलने की उम्मीद है। इन भूखंडों पर उद्योग लगने से 10 हजार युवाओं को रोजगार के अवसर मिलने का अनुमान है। पहली बार ई-ऑक्शन से इन औद्योगिक भूखंडों का आवंटन हो रहा है।
आगामी फरवरी में ग्लोबल इनवेस्टर समिट का आयोजन होने जा रहा है। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण की सीईओ रितु माहेश्वरी की अगुवाई में प्राधिकरण इस समिट में अपनी अहम भागीदारी निभाने की कोशिशों में जुटा है।
सीईओ के निर्देश पर ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने 45 औद्योगिक भूखंडों की योजना लांच कर दी गई है। इस योजना के जरिए कुल 48 एकड़ जमीन आवंटित की जाएगी। इन 45 भूखंडों में से 3 भूखंड सेक्टर ईकोटेक वन एक्सटेंशन में, सेक्टर ईकोटेक वन एक्सटेंशन वन में 8 भूखंड, ईकोटेक छह बी में एक , ईकोटेक छह में 1 भूखंड और 32 प्लॉट सेक्टर ईकोटेक 11 में हैं। ये भूखंड 450 वर्ग मीटर से लेकर 20315 वर्ग मीटर एरिया तक के हैं।
सोमवार से ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण की वेबसाइट ूूू.हतमंजमतदवपकंनजीवतपजल.पद पर इनके ब्रोशर उपलब्ध हो गए हैं। इनको डाउनलोड किया जा सकता है। इन भूखंडों के लिए एसबीआई पोर्टल ीजजचेरू//मजमदकमत.ेइप के जरिए ऑनलाइन आवेदन किया जा सकता है।
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण की वेबसाइट से भी इसका लिंक दिया गया है। 05 दिसंबर से ब्रोशर डाउनलोड करने व पंजीकरण शुल्क का भुगतान कर पंजीकरण कराने की सुविधआ शुरू हो गई है।
पंजीकरण की अंतिम तिथि 26 दिसंबर है। पंजीकरण शुल्क, ईएमडी (अर्नेस्ट मनी डिपोजिट) और प्रोसेसिंग फीस 28 दिसंबर तक जमा की जा सकती है। डॉक्यूमेंट सबमिट करने की अंतिम तिथि 30 दिसंबर शाम पांच बजे तक है। इन भूखंडों पर एक माह में ही पजेशन मिल जाएगा। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण की सीईओ रितु माहेश्वरी का कहना है कि ग्रेटर नोएडा औद्योगिक निवेश के केंद्र के रूप में उभरा है।
उद्यमियों की मांग व जरूरत को देखते हुए स्कीम लांच कर दी गई है। तय समयसीमा में प्लॉट पर पजेशन दे दिए जाएंगे। इससे निवेश के साथ ही हजारों युवाओं को रोजगार के अवसर मिल सकेंगे।