गंगा साफ हो रही, जल की गुणवत्ता में हुआ सुधार : मोदी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने साफ नियत एवं जन भागिदारी से गंगा को निर्मल बनाने का दावा करते हुए शनिवार को यहां कहा कि उसकी स्वच्छता एवं जल की गुणवत्ता में सुधार हुआ
वाराणसी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने साफ नियत एवं जन भागिदारी से गंगा को निर्मल बनाने का दावा करते हुए शनिवार को यहां कहा कि उसकी स्वच्छता एवं जल की गुणवत्ता में सुधार हुआ तथा मछलियां, मगरमच्छ समेत अनेक जीव-जंतु इस जीवनदायनी नदी में लौटने लगे हैं।
अपने संसदीय क्षेत्र वाराणसी के बड़ालालपुर के पंडित दीन दयाल उपाध्याय हस्तकला कला संकुल में 279 करोड़ रुपये की अनेक विकास योजाओं के लोकार्पण एवं शिलान्यास समारोह को संबोधित करते कहा कि सरकार जन भागिदारी से काम करती है तो परिणाम अवश्य दखाई देते हैं। उन्होंने कहा “गंगा की पवित्रता और अविरलता के प्रति हमारी प्रतिबद्धता है। मुझे खुशी है कि हमारे प्रयासों के परिणाम अब दिखने लगे हैं।”
उन्होंने कहा कि इस संदर्भ में आयी मीडिया रिपोर्टें आप ने देखी होगी कि कैसे मछलियां, मगरमच्छ समेत अनेक जीव-जंतु जीवनदायनी मां गंगा में फिर से लौटने लगे हैं।
श्री मोदी ने कहा कि हाल में देश के अनेक वैज्ञानिकों की टीम ने गंगा जल के परीक्षण के बाद एक रिपोर्ट भी दी है, जिससे पता चलता है कि मां गंगा में प्रदूषण के स्तर में कमी आई है। उन्होंने कहा कि ‘नमामि गंगे’ अभियान जैसे-जैसे आगे बढ़ रहा है, वैसे-वैसे निर्मल और अविरल गंगा का लक्ष्य नजदीक दिख रहा है।
उन्होंने कहा, “मां गंगा की निर्मलता के लिए सिर्फ धन की शक्ति ही काफी नहीं है, साफ नियत भी चाहिए। हम साफ नियत के साथ गंगा जी को स्वच्छ करने के अभियान में जुटे हुए हैं, जिसके बेहतर परिणाम सामने आने लगे हैं।”
श्री मोदी ने दशकों तक सत्ता में रही कांग्रेस पार्टी का नाम लिये बगैर उस पर हमला बोलते हुए कहा गंगा की सफाई के लिए हजारों करोड़ रुपये पानी में बहाये गए, लेकिन गंगा निर्मल नहीं हुई। उन्होंने कहा, “सिर्फ पैसों से काम नहीं होता, नियत भी साफ होनी चाहिए।”