अभी दो दिन और आंधी-बारिश का असर, दिल्ली-यूपी से राजस्थान तक पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय; जानें अगले 7 दिनों का मौसम
उत्तर भारत में पश्चिमी विक्षोभ के असर से अगले दो दिनों तक आंधी-बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। दिल्ली, यूपी, राजस्थान, पंजाब और हरियाणा समेत कई राज्यों में तेज हवाएं, बिजली गिरने और बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।;
नई दिल्ली। उत्तर भारत में मौसम का मिजाज लगातार बदल रहा है। पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से दिल्ली, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, हरियाणा, पंजाब और पहाड़ी राज्यों में अगले दो दिनों तक आंधी-बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। मौसम विभाग ने कई क्षेत्रों में तेज हवाएं चलने, बिजली गिरने और हल्की से मध्यम बारिश की चेतावनी जारी की है।
विशेषज्ञों के अनुसार, प्री-मानसून गतिविधियों के कारण उत्तर भारत के कई हिस्सों में तापमान में गिरावट दर्ज की जा सकती है, जिससे लोगों को भीषण गर्मी से कुछ राहत मिलेगी।
दिल्ली-एनसीआर में फिर बदलेगा मौसम
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली और आसपास के इलाकों में 6 और 7 जून को बादल छाए रहने और हल्की बारिश होने की संभावना है। मौसम विभाग ने कुछ क्षेत्रों में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का अनुमान जताया है।
दिल्ली-एनसीआर के साथ-साथ नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम और फरीदाबाद में भी गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि 10 और 11 जून को एक और पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने के कारण दोबारा बारिश का दौर देखने को मिल सकता है।
उत्तर प्रदेश और राजस्थान में अलर्ट
पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 6 जून को बारिश और तेज हवाओं की संभावना जताई गई है। वहीं पूर्वी उत्तर प्रदेश में 6 जून के अलावा 10 और 11 जून को भी बारिश के आसार बने हुए हैं।
राजस्थान में भी मौसम का प्रभाव देखने को मिलेगा। पूर्वी राजस्थान में 6 से 11 जून तक आंधी और बारिश का दौर जारी रह सकता है। कई जिलों में 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है। पश्चिमी राजस्थान में भी 7 जून के आसपास मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है।
मध्य भारत और विदर्भ में भी असर
मध्य प्रदेश के पूर्वी और पश्चिमी हिस्सों में भी बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां बढ़ने की संभावना है। पूर्वी मध्य प्रदेश में 6 से 9 जून और पश्चिमी मध्य प्रदेश में 7 से 9 जून तक बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।
इसके अलावा विदर्भ क्षेत्र में 6 से 9 जून के बीच तेज हवाओं, गरज-चमक और बिजली गिरने की आशंका है। छत्तीसगढ़ में भी 8 और 9 जून को मौसम खराब रह सकता है।
गोवा से महाराष्ट्र तक बारिश का दौर
पश्चिमी भारत के राज्यों में भी मानसूनी गतिविधियां तेज होती नजर आ रही हैं। गुजरात, कोंकण, गोवा, मध्य महाराष्ट्र, मराठवाड़ा और सौराष्ट्र क्षेत्र में 11 जून तक रुक-रुक कर बारिश होने की संभावना है।
गोवा और कोंकण क्षेत्र में 10 जून तक भारी बारिश का अनुमान है। वहीं मध्य महाराष्ट्र और मराठवाड़ा के कई जिलों में भी तेज वर्षा की चेतावनी जारी की गई है। लगातार हो रही बारिश से कुछ निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति भी बन सकती है।
मानसून ने पकड़ी रफ्तार
दक्षिण-पश्चिम मानसून धीरे-धीरे आगे बढ़ रहा है और कर्नाटक, तमिलनाडु तथा गोवा के कई हिस्सों तक पहुंच चुका है। मौसम विभाग ने केरल और कर्नाटक में अगले एक सप्ताह तक भारी बारिश की संभावना जताई है।
तमिलनाडु और पूर्वोत्तर भारत के राज्यों में भी अगले सात दिनों तक अच्छी बारिश होने के आसार हैं। मौसम विशेषज्ञों का अनुमान है कि मानसून जून के अंतिम सप्ताह तक पूर्वी और मध्य भारत से आगे बढ़ते हुए दिल्ली, उत्तर प्रदेश, हरियाणा और पंजाब के क्षेत्रों तक पहुंच सकता है।
फिलहाल उत्तर भारत के लोगों को अगले कुछ दिनों तक गर्मी और बारिश दोनों का मिश्रित असर देखने को मिलेगा। मौसम विभाग ने लोगों को खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने और बिजली गिरने की घटनाओं से बचाव के लिए आवश्यक सावधानी बरतने की सलाह दी है।