राहुल गांधी का CEC ज्ञानेश कुमार पर हमला, बोले- ‘ज्ञानेश कुमार जाएंगे, यह सरकार जाएगी’
राहुल गांधी ने CEC ज्ञानेश कुमार और केंद्र सरकार पर हमला बोलते हुए कहा, ‘ज्ञानेश कुमार जाएंगे, यह सरकार जाएगी।’ SIR और वोटर लिस्ट को लेकर विपक्ष का विरोध जारी है।;
नई दिल्ली। लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार और केंद्र सरकार को लेकर एक बार फिर तीखा राजनीतिक हमला बोला है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर कहा, “ज्ञानेश कुमार जाएंगे। यह सरकार जाएगी। फिर शुरू होगी लोकतंत्र की मरम्मत।” राहुल गांधी का यह बयान मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) और निर्वाचन आयोग की कार्यप्रणाली को लेकर विपक्ष के लगातार विरोध के बीच आया है।
एसआईआर और वोटर लिस्ट को लेकर विपक्ष का विरोध तेज
राहुल गांधी और विपक्षी दल लंबे समय से मतदाता सूची में कथित अनियमितताओं का मुद्दा उठा रहे हैं। विपक्ष का आरोप है कि SIR की प्रक्रिया के दौरान मतदाता सूची से नाम हटाए जाने या बदलाव किए जाने से मतदाताओं के अधिकार प्रभावित हो सकते हैं। हालांकि, इन आरोपों पर निर्वाचन आयोग का अपना पक्ष रहा है और चुनाव आयोग ने मतदाता सूची की प्रक्रिया को लेकर उठाई जा रही आपत्तियों का जवाब दिया है।
राहुल गांधी का ताजा बयान ऐसे समय में आया है जब INDIA गठबंधन के नेता एसआईआर और कथित ‘वोट चोरी’ के मुद्दे पर केंद्र सरकार तथा चुनाव आयोग के खिलाफ राजनीतिक अभियान चला रहे हैं।
राष्ट्रपति मुर्मू से विपक्षी नेताओं ने की मुलाकात
इस मुद्दे को लेकर विपक्षी नेताओं के एक प्रतिनिधिमंडल ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से भी मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, राहुल गांधी और तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी समेत विपक्षी नेता शामिल थे। नेताओं ने राष्ट्रपति को ज्ञापन सौंपकर मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार की भूमिका को लेकर अपनी चिंताएं रखीं।
राष्ट्रपति से मुलाकात के बाद राहुल गांधी ने चुनाव प्रक्रिया को लेकर अपने आरोप दोहराए। उन्होंने दावा किया कि देश में “वोट चोरी” हो रही है और इसके लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह तथा मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को जिम्मेदार बताया। ये राहुल गांधी और विपक्ष के राजनीतिक आरोप हैं, जिनका संबंधित पक्षों की ओर से अलग-अलग जवाब दिया गया है।
12 अक्टूबर को CEC के खिलाफ ज्ञापन देने का ऐलान
राहुल गांधी ने यह भी कहा कि विपक्ष इस मुद्दे को आगे भी उठाता रहेगा। उनके मुताबिक, 12 अक्टूबर को मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ भारत के मुख्य न्यायाधीश जस्टिस सूर्यकांत को ज्ञापन सौंपा जाएगा। विपक्ष का कहना है कि निर्वाचन आयोग की कार्यप्रणाली और मतदाता सूची में बदलाव से जुड़े सवालों पर संवैधानिक संस्थाओं के स्तर पर भी ध्यान दिया जाना चाहिए।
यह घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है जब SIR को लेकर विपक्ष और निर्वाचन आयोग के बीच राजनीतिक और कानूनी बहस जारी है।
संसद से विजय चौक तक ‘लोकतंत्र बचाओ’ मार्च
इससे पहले विपक्षी सांसदों ने संसद भवन से विजय चौक तक ‘लोकतंत्र बचाओ’ मार्च निकालने की कोशिश की थी। पुलिस ने बैरिकेडिंग कर मार्च को आगे बढ़ने से रोक दिया। विपक्षी दलों ने SIR पर रोक लगाने, मतदाता सूची से हटाए गए नामों की समीक्षा और बहाली तथा चुनाव में बैलेट पेपर के इस्तेमाल की मांग भी उठाई।
INDIA गठबंधन के सांसद पिछले कई दिनों से चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली को लेकर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। विपक्ष का कहना है कि मतदाता सूची में किसी भी तरह का गलत बदलाव लोकतांत्रिक प्रक्रिया और मतदान के अधिकार पर असर डाल सकता है। दूसरी ओर, चुनाव आयोग मतदाता सूची तैयार करने और उसके पुनरीक्षण की प्रक्रिया को निर्धारित नियमों के तहत संचालित किए जाने की बात कहता रहा है।
राहुल गांधी के ताजा बयान से साफ है कि SIR, मतदाता सूची और चुनाव आयोग का मुद्दा विपक्ष के राजनीतिक अभियान में अभी भी प्रमुख बना हुआ है। आने वाले दिनों में 12 अक्टूबर को प्रस्तावित ज्ञापन और विपक्ष की आगे की रणनीति पर नजर रहेगी।