सीजेपी का दावा: यूपी से बंगाल तक हजारों कार्यकर्ता हिरासत में, आशुतोष रांका बोले- 2.5 करोड़ कॉकरोच हैं हम
सीजेपी नेता आशुतोष रांका ने दावा किया है कि 10 अक्टूबर के जंतर-मंतर प्रदर्शन से पहले महाराष्ट्र, यूपी और पश्चिम बंगाल में संगठन के हजारों कार्यकर्ता को हिरासत में लिया गया है।;
नई दिल्ली। कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) ने 10 अक्टूबर को दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन से पहले अपने कार्यकर्ताओं और वॉलेंटियर्स को हिरासत में लिए जाने का दावा किया है। सीजेपी के सह संयोजक आशुतोष रांका ने आरोप लगाया कि महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश और पश्चिम बंगाल समेत कई राज्यों में पुलिस संगठन से जुड़े लोगों को हिरासत में ले रही है। हालांकि, इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि सामने नहीं आई है।
‘कितनों को गिरफ्तार करोगे, 2.5 करोड़ कॉकरोच हैं’
मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर सीजेपी ने 10 अक्टूबर को जंतर-मंतर पर प्रदर्शन का ऐलान किया है। इसी बीच आशुतोष रांका ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो साझा करते हुए दावा किया कि प्रदर्शन में शामिल होने की तैयारी कर रहे हजारों वॉलेंटियर्स को महाराष्ट्र, यूपी और पश्चिम बंगाल में हिरासत में लिया गया है।
रांका ने कोलकाता में अब्दुल नाम के एक व्यक्ति और उसकी टीम को भी कथित तौर पर सादे कपड़ों में आए लोगों द्वारा हिरासत में लिए जाने का दावा किया। उन्होंने आरोप लगाया कि इन लोगों को किसी अज्ञात स्थान पर ले जाया गया। इन दावों की पुलिस की ओर से विस्तृत पुष्टि इस जानकारी में नहीं है।
रांका ने अपने बयान में पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए कहा कि अगर इतनी बड़ी संख्या में लोगों को गिरफ्तार किया जाएगा तो आंदोलन खत्म नहीं होगा। उन्होंने तंज कसते हुए कहा, “कितनों को गिरफ्तार करोगे? 2.5 करोड़ कॉकरोच हैं।”
10 अक्टूबर के प्रदर्शन को लेकर बढ़ी हलचल
सीजेपी का प्रस्तावित प्रदर्शन चुनाव आयोग और सीईसी ज्ञानेश कुमार के खिलाफ है। संगठन का आरोप है कि मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर चुनाव आयोग की भूमिका पर सवाल उठते हैं। चुनाव आयोग इन आरोपों और उसके खिलाफ लगाए जा रहे राजनीतिक दावों को खारिज करता रहा है।
दिल्ली में प्रस्तावित प्रदर्शन को लेकर पुलिस की अनुमति का मुद्दा भी सामने आया है। सीजेपी नेताओं ने जंतर-मंतर पर प्रदर्शन की तैयारी जारी रखने की बात कही है।
सौरभ दास बोले- लंबी लड़ाई के लिए तैयार रहें
सीजेपी नेता सौरभ दास ने भी 10 अक्टूबर के प्रदर्शन से पहले कार्यकर्ताओं से लंबे आंदोलन के लिए तैयार रहने को कहा है। उन्होंने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि आंदोलन के दौरान कितने लोग हिरासत में लिए जाते हैं, इससे अभियान रुकना नहीं चाहिए।
दास ने कहा कि यह लड़ाई केवल कुछ नेताओं तक सीमित नहीं है और उनके मौजूद न रहने पर भी समर्थकों को इसे आगे बढ़ाना चाहिए। उन्होंने इसे आने वाली पीढ़ी और वोट देने के अधिकार से जोड़ते हुए आंदोलन जारी रखने की अपील की।
इस बीच सीजेपी नेताओं की गिरफ्तारी की आशंकाओं को लेकर संगठन की ओर से लगातार बयान सामने आ रहे हैं। हालांकि, राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (एनएसए) या किसी अन्य कड़े कानून के तहत कार्रवाई किए जाने का दावा भी फिलहाल संबंधित नेताओं के बयानों पर आधारित है और इसकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।