इसलिए करीना कपूर के साथ दोबारा काम नहीं कर पाए इम्तियाज अली
हाल ही में एक बातचीत में इम्तियाज अली ने इस सवाल पर खुलकर अपनी बात रखी। उन्होंने स्वीकार किया कि ‘जब वी मेट’ के बाद उन्होंने करीना कपूर के साथ दोबारा काम नहीं किया, हालांकि कोशिश जरूर की थी।
मुंबई। हिंदी सिनेमा की सुपरहिट फिल्मों में शुमार ‘जब वी मेट’ आज भी दर्शकों के दिलों में खास जगह रखती है। इम्तियाज अली के निर्देशन और करीना कपूर के जीवंत किरदार ‘गीत’ ने इस फिल्म को क्लासिक बना दिया। फिल्म की सफलता के बाद अक्सर यह उम्मीद जताई जाती रही कि निर्देशक और अभिनेत्री की यह जोड़ी फिर किसी प्रोजेक्ट में साथ नजर आएगी। हालांकि, अब तक ऐसा नहीं हो सका है। हाल ही में एक बातचीत में इम्तियाज अली ने इस सवाल पर खुलकर अपनी बात रखी। उन्होंने स्वीकार किया कि ‘जब वी मेट’ के बाद उन्होंने करीना कपूर के साथ दोबारा काम नहीं किया, हालांकि कोशिश जरूर की थी।
“कोशिश की, लेकिन सही रोल नहीं मिला”
इम्तियाज ने कहा कि उन्होंने कुछ प्रोजेक्ट्स पर विचार किया था, लेकिन उन्हें ऐसा किरदार नहीं मिला जिसे लेकर वे करीना के पास जा सकें। उनके अनुसार, किसी कलाकार के पास तभी जाना चाहिए जब कहानी और भूमिका दोनों ही मजबूत हों। उन्होंने कहा, “मैंने कोशिश की थी, लेकिन वह उस तरह का रोल नहीं था कि मैं उन्हें ऑफर करूं या वह उसे स्वीकार करें। फिल्म बनाना सिर्फ जोड़ी दोहराने का मामला नहीं है, बल्कि सही कहानी और किरदार का मेल होना जरूरी है।”
इसके बावजूद इम्तियाज ने उम्मीद जताई कि भविष्य में दोनों फिर साथ काम कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि वह निर्देशन कर रहे हैं और करीना अभिनय कर रही हैं, इसलिए अगर कोई अच्छा प्रोजेक्ट सामने आता है तो साथ काम करने की संभावना बनी हुई है।
‘जब वी मेट 2’ पर क्या बोले निर्देशक?
फिल्म के प्रशंसकों के बीच लंबे समय से ‘जब वी मेट 2’ की चर्चा होती रही है। सोशल मीडिया पर अक्सर यह मांग उठती है कि फिल्म का सीक्वल बनाया जाए। इस पर इम्तियाज अली का नजरिया काफी स्पष्ट है। उन्होंने कहा कि लोग अक्सर उनसे ‘जब वी मेट 2’ बनाने की बात करते हैं, लेकिन वह इस दिशा में आगे नहीं बढ़ पा रहे हैं। उनके मुताबिक, मूल फिल्म एक संपूर्ण कहानी थी, जो अपने तय बिंदु पर खत्म हो जाती है। इम्तियाज ने कहा, “मुझे लगता है कि उस कहानी में आगे कहने के लिए कुछ बचा नहीं है। वह फिल्म अपने आप में पूरी थी। सिर्फ फंडिंग या दर्शकों की मांग के आधार पर सीक्वल बनाना सही नहीं होगा, अगर मेरे पास कहने के लिए नई और ठोस कहानी न हो।”
उन्होंने यह भी जोड़ा कि वह केवल सीक्वल के नाम पर फिल्म नहीं बनाना चाहते। अगर कभी कोई नई कहानी या विचार उनके मन में आता है, जो उसी दुनिया को सार्थक रूप से आगे बढ़ा सके, तब वह जरूर सोचेंगे।
कहानी पहले, कमर्शियल बाद में
इम्तियाज अली की बातों से साफ है कि उनके लिए कहानी सबसे अहम है। उन्होंने संकेत दिया कि सिर्फ किसी सफल ब्रांड या फिल्म के नाम पर आगे बढ़ना उन्हें मंजूर नहीं। उनका मानना है कि दर्शकों की उम्मीदों का सम्मान तभी हो सकता है जब फिल्म में वास्तविक भावनात्मक और रचनात्मक आधार हो।
‘जब वी मेट’ ने न सिर्फ बॉक्स ऑफिस पर सफलता पाई थी, बल्कि रोमांटिक फिल्मों की परिभाषा भी बदली थी। करीना कपूर का किरदार आज भी याद किया जाता है। ऐसे में सीक्वल को लेकर अपेक्षाएं स्वाभाविक हैं, लेकिन इम्तियाज का रुख यह दर्शाता है कि वह अपनी फिल्मों को जल्दबाजी में आगे नहीं बढ़ाना चाहते। फिलहाल दर्शकों को इंतजार रहेगा उस दिन का, जब इम्तियाज अली और करीना कपूर फिर किसी नई कहानी के साथ बड़े पर्दे पर साथ नजर आएं।