चालक ही निकला कैब लुटेरा
कासना कोतवाली पुलिस ने 28 अगस्त की रात कैब चालक की कार को लूटने का खुलासा कर दिया हैं
ग्रेटर नोएडा। कासना कोतवाली पुलिस ने 28 अगस्त की रात कैब चालक की कार को लूटने का खुलासा कर दिया हैं। चार अफ्रीकी नागरिकों के अक्षरधाम से गाजियाबाद के लिए बुक कर कैब लूटने के मामले में पुलिस ने चौंकाने वाला खुलासा किया है। पुलिस ने इस मामले में रिपोर्ट दर्ज कराने वाले कैब चालक को ही गिरफ्तार किया है। कैब चालक ने ही आर्थिक तंगी से परेशान होकर कैब लूट की साजिश रची थी। पुलिस ने उसकी कैब को भी बरामद कर लिया है।
कासना कोतवाली पुलिस ने कैब चालक से लूट करने की घटना का खुलासा कर दिया हैं। पुलिस ने बताया कि मेरठ के कंकडखेड़ा निवासी अंकुर ने मामला दर्ज कराया था कि 28 अगस्त की रात उसकी कैब अक्षरधाम से चार नाईजीरियाई नागरिकों ने बुक कराई थी। आरोप था कि नाईजीरियाई नागरिकों ने कैब को गाजियाबाद ले जाने के दौरान लूट लिया और चालक अंकुर को कासना कोतवाली क्षेत्र में फेंककर फरार हो गए। अज्ञात नाईजीरियाई नागरिकों के खिलाफ केस दर्ज होने के बाद पुलिस पर वारदात के खुलासे को लेकर काफी दबाव था। कासना कोतवाली प्रभारी जितेंद्र कुमार व एसआई यतेंद्र कुमार की टीम खुलासे के प्रयास में जुटी थी। पुलिस ने गहन पड़ताल के बाद चालक अंकुर को ही कथित रूप से लूटी गई कैब के साथ शनिवार को परी चौक से गिरफ्तार कर लिया। आरोपी कैब की नंबर प्लेट बदलवाकर उसे बेचने के प्रयास में था।
इसके चलते उसके खिलाफ धोखाधड़ी व झूठी शिकायत दर्ज कराने आदि धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की गई है। यह पता लगाना बेहद जरूरी था कि कैब जिस नंबर से बुक कराई गई वह किसका था। पुलिस पड़ताल में यह भी पता चला है कि अंकुर ने एक साल पहले प्रेम विवाह किया था। उसकी पत्नी नौ माह की गर्भवती है। वहीं, अंकुर ने अप्रैल माह में कैब चलाने वाली कंपनी से 25 हजार रुपए पेशगी देकर कांट्रेक्ट पर वैगनआर कार खरीदी थी। अंकुर को कार की प्रतिदिन 950 रुपए किश्त के रूप में देने पड़ते थे। बुकिंग कम मिलने के कारण उसे किश्त जमा करने व घर का खर्च चलाने में परेशानी हो रही थी। इसके चलते उसने कैब कंपनी से भी कार वापस करने की बात की थी।
कंपनी ने एडवांस के रुपए लौटाने से इंकार करते हुए कार की भी कम कीमत आंकी। इसके चलते उसने कार लूट की साजिश रच दी। क्षेत्राधिकारी प्रथम अमित किशोर ने बताया कि अंकुर ने अपने एक रिश्तेदार के दोस्त के मोबाइल को कैब बुकिंग में इस्तेमाल किया था। इसकी पड़ताल पुलिस को पता चल गया कि वारदात में अफ्रीकी शामिल नहीं है और पुलिस का शक अंकुर पर बढ़ गया था। पुलिस ने आरोपी अंकुर को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।