खतरनाक है हिंसा की बढ़ती प्रवृतिबंद होते जा रहे हैं संवाद के रास्ते 
खतरनाक है हिंसा की बढ़ती प्रवृतिबंद होते जा रहे हैं संवाद के रास्ते 

हमारे देश की राजनीति में गत् कुछ वर्षों से ऐसा देखा जा रहा है कि दो परस्पर विरोधी विचारधाराओं के मध्य संवाद के रास्ते तो धीरे-धीरे बंद होते जा रहे हैं

देशबन्धु
2017-11-20 01:48:30
धर्मनिरपेक्ष भारत के पैरोकार थे गांधी-नेहरू
धर्मनिरपेक्ष भारत के पैरोकार थे गांधी-नेहरू

द्रक्षिणपंथी हिंदूवादी विचारधारा से संबंध रखने वाले संगठनों द्वारा गांधी व नेहरू को कोसना, उनमें कमियां निकालना यहां तक कि झूठे-सच्चे कहानियां गढ़...

देशबन्धु
2017-11-20 01:42:05
पटेल को बड़ा दिखाने नेहरू का कद घटाने का प्रयास
पटेल को बड़ा दिखाने नेहरू का कद घटाने का प्रयास

पिछले कुछ वर्षों से 31 अक्टूबर के आसपास, संघ परिवार, सरदार वल्लभभाई पटेल का महिमामंडन करने वाले बयानों की झड़ी लगा देता है

देशबन्धु
2017-11-20 01:35:47
बच्चे देश का भविष्य हैं लेकिन वर्तमान भी तो हैं
बच्चे देश का भविष्य हैं, लेकिन वर्तमान भी तो हैं

भारत द्वारा बाल अधिकार समझौते को अंगीकार किये जाने के इस साल 25 साल पूरे हो रहे हैं  लेकिन 25 साल बीत जाने के बावजूद आज भी हमारे देश में समाज और ...

देशबन्धु
2017-11-20 01:28:28
 जन्मदिवस पर विशेष  वे कहीं गए हैं बस आते ही होंगे
जन्मदिवस पर विशेष : वे कहीं गए हैं, बस आते ही होंगे

शिष्य। स्पष्ट कह दूं कि मैं ब्रम्हराक्षस हूँ किंतु फिर भी तुम्हारा गुरु हूँ। मुझे तुम्हारा स्नेह चाहिए

देशबन्धु
2017-11-13 14:30:28
वायु प्रदूषण हम ही हैं कातिल मकतूल-ऐ-मुंसिफ
वायु प्रदूषण: हम ही हैं कातिल, मकतूल-ऐ-मुंसिफ?

उत्तर भारत का एक बड़ा हिस्सा इन दिनों प्रदूषण युक्त घने कोहरे से ढका हुआ है। इसके परिणामस्वरूप देश के कई क्षेत्रों से भीषण सड़क दुर्घटनाओं के समाचा...

देशबन्धु
2017-11-13 01:11:40
विषाक्त बन चुकी है दिल्ली की हवा
विषाक्त बन चुकी है दिल्ली की हवा

दुर्भाग्यपूर्ण यह कि न्यायालय की कड़ी ताकीद के बाद भी राज्य सरकारें प्रदूषण को लेकर तनिक भी गंभीर नहीं हैं

देशबन्धु
2017-11-13 01:04:08
घटता हरित चादर का आवरण और घुटती सांसें 
घटता हरित चादर का आवरण और घुटती सांसें 

चिकित्सीय पत्रिका 'द लांसेट' के अनुसार, हर साल वायु प्रदूषण के कारण 10 लाख से ज्यादा भारतीय मारे जाते हैं

देशबन्धु
2017-11-13 01:00:16
सत्ता के संरक्षण में नफरत का व्यापार
सत्ता के संरक्षण में नफरत का व्यापार?

आज पूरा आगरा शहर ताजमहल को गौरव के रूप में देखता है। क्या आगरा के लोगों को ताजमहल के अपमान व उपेक्षा में उठाया गया कोई कदम अच्छा लगेगा

देशबन्धु
2017-11-06 00:48:16
देश में विदेशी सैलानियों की सुरक्षा का सवाल
देश में विदेशी सैलानियों की सुरक्षा का सवाल

तमाम असुविधाओं और अव्यवस्था के बावजूद पर्यटन से होनेवाली आर्थिक वृद्धि में 2017 तक 42 फीसदी से अधिक की सम्भावना है

देशबन्धु
2017-11-06 00:42:14
राष्ट्रवाद व सदाचार के प्रवचन केवल गरीबों के लिए
राष्ट्रवाद व सदाचार के 'प्रवचन' केवल गरीबों के लिए?

वर्तमान सरकार के दौर में ओपो तथा वीवो नामक चीनी मोबाईल फोन कंपनियों ने पूरे देश में अपना व्यवसाय इतनी तेज़ी से कैसे फैला लिया

देशबन्धु
2017-11-06 00:35:59
भारतीय संस्कृति का प्रमुख आदर्श है मितव्ययिता
भारतीय संस्कृति का प्रमुख आदर्श है मितव्ययिता

मितव्ययिता भारतीय संस्कृति का प्रमुख आदर्श रहा है। सुखी और स्वस्थ जीवन के लिए उसका बहुत बड़ा महत्व है। आज की उपभोक्तावादी एवं सुविधावादी जीवन-धारा...

देशबन्धु
2017-10-30 01:18:33
अर्थव्यवस्था पर हमारा रास्ता क्या हो
अर्थव्यवस्था पर हमारा रास्ता क्या हो!

अन्तरराष्ट्रीय मुद्रा कोष की अध्यक्ष क्रिस्टीन लिगार्ड का कथन कि 'भारतीय अर्थव्यवस्था बेहद मजबूत राह पर है

देशबन्धु
2017-10-30 00:50:53
अर्थव्यवस्था के आंकड़े और ज़मीनी सच्चाईयां
अर्थव्यवस्था के आंकड़े और ज़मीनी सच्चाईयां?

देश के लोग उन भयावह दिनों को कभी भूल नहीं सकते जबकि गत् वर्ष तथा इस वर्ष भी तमिलाडु के किसानों द्वारा दिल्ली के जंतरमंतर पर अपनी दयनीय स्थिति को ...

देशबन्धु
2017-10-30 00:40:35
ताने-बाने में उलझ गई बुनकरों की जिंदगी
ताने-बाने में उलझ गई बुनकरों की जिंदगी

 बुनकरों की जिंदगी मंगठे के ताने और बाने में उलझकर रह गई है जिस पर हथकरघा से बने कपड़ों को पहनकर नेताजी सत्ता के लिए दौड़ लगाते है उन्हीं बुनकरों क...

देशबन्धु
2017-10-24 13:19:05
कुसंस्कृति बन गयी है वीआइपी संस्कृति 
कुसंस्कृति बन गयी है वीआइपी संस्कृति 

रेल मंत्री ने रेलवे में वीआईपी संस्कृति को खत्म करने के लिए जो आदेश जारी किया वे सराहनीय एवं स्वागत योग्य है

देशबन्धु
2017-10-23 01:19:27
समारोहों में शराब का बढ़ता चलन खतरनाक
समारोहों में शराब का बढ़ता चलन खतरनाक

शराब बिक्री को बढ़ावा देेने के काम में सरकारें जुटी हुई है। एक ओर राज्य में राजस्व की कमाई का मोह है, वहीं दूसरी ओर इसकी वजह से समाज में तमाम प्रक...

भारत डोगरा
2017-10-23 01:14:15
पश्चिमी सामाजिक बदलाव का अंधानुकरण 
पश्चिमी सामाजिक बदलाव का अंधानुकरण 

नशे के प्रति चलन बढ़ रहा है। नशा करना बुरा है यह जीवन मूल्य आधुनिकता की चमक में समाप्त हो रहा हे

देशबन्धु
2017-10-23 01:09:35
त्यौहार परंपराएं रीति और पर्यावरण संरक्षण
त्यौहार, परंपराएं, रीति और पर्यावरण संरक्षण

कहने को तो हमारे देश के नीति निर्माता अथवा राजनैतिक लोग अक्सर यह कहते सुनाई देंगे कि वे भारतीय संविधान,माननीय न्यायालय तथा अदालती कानूनों अथवा आद...

देशबन्धु
2017-10-19 05:11:47
आतिशबाजी के बिना अधूरा सा है दीपोत्सव 
आतिशबाजी के बिना अधूरा सा है दीपोत्सव 

भारत के इतिहास में त्योहारों का एक अपना ही एक गौरव है। दीपोत्सव ज्योति पर्व केरूप में मनाने की परंपरा अति प्राचीन हैै

देशबन्धु
2017-10-19 05:07:17
लौकिकता और आध्यात्मिकता का अनूठा पर्व दीपावली
लौकिकता और आध्यात्मिकता का अनूठा पर्व दीपावली

हमारे भीतर अज्ञान का तमस छाया हुआ है। वह ज्ञान के प्रकाश से ही मिट सकता है। ज्ञान दुनिया का सबसे बड़ा प्रकाश दीप है

देशबन्धु
2017-10-19 05:03:21