पटना। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मंगलवार को कहा कि वह नक्सलियों के खिलाफ प्रारंभ होने वाले 'आपरेशन ग्रीनहंट' का समर्थन नहीं करते हैं। उन्होंने नक्सलियों के खिलाफ चलाए जाने वाले अभियान में केन्द्र पर बिहार से सौतला व्यवहार करने का भी आरोप लगाया। दिल्ली से पटना लौटने के बाद पत्रकारों से चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि नक्सलियों के खिलाफ ग्रीनहंट चलाने की जरूरत नहीं है। उन्होंने कहा कि नक्सलियों के खिलाफ दबाव बनाना जरूरी है लेकिन उसमें लचीलापन भी होना चाहिए। नीतीश ने कहा कि नक्सलियों के खिलाफ चलाए जाने वाले किसी भी अभियान में हिंसा जरूरी नहीं है। उन्होंने दावा किया कि वर्तमान शासनकाल में नक्सली घटनाओं में कमी आई है। मुख्यमंत्री ने केन्द्र सरकार पर आरोप लगाया कि वह राज्य पर कोई भी अभियान थोप देती है। उन्होंने गृहमंत्री पी़ चिदंबरम के साथ कोलकता में होने वाली बैठक में भाग नहीं लेने के विषय में कहा कि वह पहले ही प्रधानमंत्री के साथ हुई बैठक में इस संबंध में बोल चुके हैं। उन्होंने कहा कि वह लगातार बिहार से बाहर नहीं रह सकते। उन्होंने कहा, "बिहार सरकार ने केन्द्र सरकार से 23 कंपनी केन्द्रीय रिजर्व पुलिस बल की मांग की है लेकिन केन्द्र सरकार बिहार में बल नहीं देगी और दूसरी तरफ उपदेश देगी।"